
शादी का झांसा देकर युवती का दैहिक शोषण करने वाला आरोपी तोरवा पुलिस द्वारा दबोच लिया गया है। पीडिताकपूर्व में एक पेट्रोल पंप में काम करती थी, इसी दौरान उसकी पहचान नवापारा, गौरेला पेंड्रा मरवाही निवासी 19 वर्षीय सागर राठौर से हुई थी। दोनों के बीच दोस्ती प्रेम में बदल गई और दोनों आपस में मिलाने लगे। कहते हैं इसी दौरान युवक ने युवती को शादी का आश्वासन दिया था और युवती भी मान गई थी, जबकि युवक की उम्र शादी के लायक हुई भी नहीं है। इसी भरोसे उसने अपना जिस्म सौंप दिया और फिर लगातार दोनों के बीच शारीरिक संबंध बनने लगे। लड़की के अनुसार बाद में सागर राठौर ने शादी से इनकार कर दिया।
युवती को समझना होगा कि भला 19 साल का लड़का कैसे शादी कर सकता है लेकिन लड़की तो शादी की जिद पर अड़ी थी। उसने सागर द्वारा शादी न करने पर गौरेला थाने में इसकी शिकायत दर्ज कर दी। दोनों के बीच शारीरिक संबंध तोरवा क्षेत्र में बना था इसलिए शून्य में मामला दर्ज कर मामले को तोरवा भेज दिया गया। पुलिस ने बलात्कार के आरोप में गौरेला पेंड्रा मरवाही से आरोपी युवक सागर राठौर को गिरफ्तार कर लिया, जिसे भेज दिया गया है। सागर राठौर की गलती यह है कि उसने अपनी प्रेमिका से विवाह नहीं किया इसलिए कोर्ट ने उसे जेल भेजा है लेकिन बड़ा सवाल यह है कि क्या 19 साल का हिंदू युवक शादी कर सकता है ? क्योंकि हिंदू मैरिज एक्ट में लड़के की शादी की न्यूनतम उम्र 21 वर्ष है। जब कानूनन वह शादी कर ही नहीं सकता तो शादी न करना गुनाह कैसे हो गया और जो संबंध दोनों की सहमति से बने हो वह बलात्कार कैसे हुआ ? क्योंकि पूर्व में हाईकोर्ट ने भी कहा था कि रजामंदी से बने संबंधों को बलात्कार की श्रेणी में नहीं रखा जा सकता, रजामंदी इसलिए क्योंकि युवती कह रही है कि अगर सागर मुझसे शादी कर लेता तो फिर दोनों के बीच जो शारीरिक संबंध बने थे वह बलात्कार नहीं होता। है ना पूरा अजीबोगरीब मामला।
