
बिलासपुर। गुरु घासीदास विश्वविद्यालय (जीजीयू) के बीटेक छात्र यशवर्धन सिंह की खुदकुशी मामले में पुलिस जांच के दौरान बड़ा खुलासा हुआ है। पोस्टमार्टम के बाद आई एफएसएल रिपोर्ट में पता चला कि छात्र ने सामान्य जहर नहीं, बल्कि अत्यंत खतरनाक और प्रतिबंधित रसायन सोडियम सायनाइड का सेवन किया था। मामले में सरकंडा पुलिस ने सोडियम सायनाइड बेचने वाली कंपनी के संचालक और उसके कर्मचारी के खिलाफ अपराध दर्ज किया है।
पुलिस के अनुसार, जिनदत्त साइंटिफिक एंड केमिकल्स के संचालक सुभाष चंद जैन तथा कर्मचारी बिहारी लाल कौशिक ने बिना किसी वैध दस्तावेज, पहचान पत्र और अनिवार्य नियमों का पालन किए 21 वर्षीय छात्र को यह जानलेवा केमिकल बेच दिया था। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने केवल पैसों के लालच में प्रतिबंधित रसायन उपलब्ध कराया।
एफएसएल रिपोर्ट आने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए दोनों आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। अब यह जांच की जा रही है कि छात्र तक प्रतिबंधित केमिकल कैसे पहुंचा और बिक्री के दौरान किन नियमों की अनदेखी की गई।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्रतिबंधित और अत्यधिक जहरीले रसायनों की बिक्री को लेकर तय नियमों का पालन अनिवार्य है। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
