

बिलासपुर।
शहर में भीषण गर्मी का दौर तेज हो गया है। सोमवार को अधिकतम तापमान बढ़कर 43.8 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जो इस सीजन का अब तक का उच्चतम स्तर है। इसके साथ ही बिलासपुर ने राजनांदगांव को पीछे छोड़ते हुए प्रदेश का सबसे गर्म शहर होने का रिकॉर्ड दर्ज किया है। तापमान सामान्य से 3.4 डिग्री अधिक रहा, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ।
सुबह से ही झुलसाने लगी धूप

सोमवार को सुबह से ही तेज धूप और गर्मी का असर महसूस होने लगा। सुबह 9 बजे ही दोपहर जैसी तपिश का अहसास होने लगा था। जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया, सूरज के तेवर और तीखे होते गए। दोपहर में पारा 43.8 डिग्री तक पहुंच गया, जिससे सड़कों पर सन्नाटा नजर आया और लोग घरों में रहने को मजबूर हुए।

शाम तक नहीं मिली राहत
दोपहर के बाद भी गर्मी से राहत नहीं मिली। देर शाम तक गर्म हवाएं चलती रहीं, जिससे वातावरण में तपिश बनी रही। मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिनों तक तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं होगा, लेकिन इसके बाद आगामी तीन दिनों में तापमान 1 से 2 डिग्री और बढ़ने की संभावना जताई गई है।
पांच दिनों तक लू चलने की चेतावनी
मौसम विभाग ने मध्य छत्तीसगढ़ में अगले पांच दिनों तक हीटवेव (लू) चलने की चेतावनी जारी की है। लगातार बढ़ते तापमान और शुष्क हवाओं के कारण स्थिति और गंभीर हो सकती है। इससे पहले राजनांदगांव प्रदेश का सबसे गर्म शहर बना हुआ था, जहां सोमवार को 43.5 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।
रातें भी हो रहीं गर्म, उष्ण रात्रि का अलर्ट

दिन के साथ-साथ रात में भी गर्मी का असर बढ़ गया है। न्यूनतम तापमान 29.4 डिग्री दर्ज किया गया, जो सामान्य से 5.2 डिग्री अधिक है। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों तक “उष्ण रात्रि” (वार्म नाइट) की चेतावनी जारी की है, यानी रात में भी लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिलेगी।
10 साल में छठी बार इतनी गर्मी

मौजूदा तापमान पिछले दस वर्षों में छठी बार इस स्तर तक पहुंचा है। वर्ष 2025 में भी अप्रैल में अधिकतम तापमान 43.8 डिग्री दर्ज किया गया था, जिसकी बराबरी इस बार हो गई है।
पिछले वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो—
2018: 43°C
2020: 41.4°C
2021: 42.8°C
2023: 43.4°C
2024: 42.4°C
हालांकि 2017 में 45 डिग्री तथा 2019 और 2022 में 44.6 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया था।
द्रोणिका के कारण फंस रही गर्म हवा
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, वर्तमान में उत्तर-दक्षिण द्रोणिका पूर्वी बिहार से झारखंड और उत्तरी छत्तीसगढ़ होते हुए दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश तक फैली हुई है। यह प्रणाली समुद्र तल से लगभग 0.9 किलोमीटर ऊपर स्थित है, जिसके कारण गर्म हवा क्षेत्र में फंस रही है और तापमान में लगातार वृद्धि हो रही है।
बिलासपुर में बढ़ती गर्मी और लू की चेतावनी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। दिन के साथ-साथ रात में भी राहत न मिलने से स्थिति चुनौतीपूर्ण बनी हुई है। मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए आने वाले दिनों में सावधानी बरतना अत्यंत आवश्यक है।
