
शशि मिश्रा

मुंगेली। नगर के हृदय स्थल पड़ाव चौक में वीरता, स्वाभिमान और पराक्रम के प्रतीक महाराणा प्रताप की विशाल प्रतिमा का नगर आगमन 4 अप्रैल शनिवार को होगा। इस ऐतिहासिक क्षण को लेकर पूरे क्षत्रिय समाज में उत्साह का माहौल है और समाज के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता जोर-शोर से तैयारियों में जुटे हुए हैं। यह अवसर समाज के लिए केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि वर्षों के लंबे इंतजार और संघर्ष का परिणाम है। समाज के वरिष्ठजनों ने बताया कि इस दिन का सपना कई वर्षों से देखा जा रहा था, जो अब साकार होने जा रहा है।
क्षत्रिय समाज के अध्यक्ष आनंद वल्लभ सिंह सहित शिवप्रताप सिंह, उमाकांत सिंह, गजानंद सिंह, हरिकपुर सिंह, नागेश्वर सिंह, गोकुलेश सिंह, संतोष सिंह, राजू सिंह एवं वंशराज सिंह ने इस मौके
पर पुराने दिनों को याद किया। उन्होंने बताया कि वर्ष 1995 में समाज का नेतृत्व कर रहे पूर्व अध्यक्ष स्वर्गीय विपनेश सिंह ने सबसे पहले पड़ाव चौक का नामकरण “महाराणा प्रताप चौक” करने की पहल की थी। इतना ही
नहीं, उन्होंने ही इस चौक में महाराणा प्रताप की विशाल प्रतिमा स्थापित करने की मांग शासन से की थी। साथ ही उनके प्रयासों से नगर में सामाजिक मंगल भवन की नींव भी रखी गई थी, जो समाज के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि रही। लंबे समय के इंतजार के बाद अब वह सपना साकार होने जा रहा है, जिसे स्व. विपनेश सिंह ने वर्षों पहले देखा था। इस अवसर पर उपस्थित सभी सामाजिक जनों ने उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए समाज के लिए उनके योगदान को याद किया और आभार व्यक्त किया। 4 अप्रैल का दिन मुंगेली नगर के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय के रूप में दर्ज होने जा रहा है, जब वीरता के प्रतीक महाराणा प्रताप की प्रतिमा नगर के प्रमुख स्थल पर स्थापित होकर आने वाली पीढ़यिों को प्रेरित करेगी।
