
बिलासपुर। वन विभाग ने प्रतिबंधित एवं संरक्षित वन्यजीव इंडियन रूफ्ड टर्टल (भारतीय छतदार कछुआ) की अवैध खरीद-बिक्री का भंडाफोड़ करते हुए एक तस्कर को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। स्टेट फ्लाइंग स्क्वायड और वन परिक्षेत्र की संयुक्त टीम ने खरीदार बनकर जाल बिछाया और सौदा तय होते ही आरोपी को धर दबोचा।
वन विभाग के अनुसार, आरोपी प्रतिबंधित कछुए की अवैध बिक्री करने की फिराक में था। इसकी सूचना मिलने पर अधिकारियों ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की। टीम के सदस्य खरीदार बनकर आरोपी के संपर्क में पहुंचे। जैसे ही आरोपी ने कछुए का सौदा किया, पहले से घात लगाए वन अमले ने उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी के कब्जे से संरक्षित प्रजाति का भारतीय छतदार कछुआ बरामद किया गया। उसके खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
इस कार्रवाई का नेतृत्व वन परिक्षेत्र अधिकारी यशपाल वर्मा ने किया। अभियान में स्टेट फ्लाइंग स्क्वायड के साथ परिक्षेत्र सहायक मुकेश साहू, लोकमणि त्रिपाठी, परिसर रक्षक कलेश पाल तथा मानिकपुरी की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
वन विभाग ने बताया कि एक सप्ताह के भीतर वन्यजीव तस्करी के खिलाफ यह दूसरी बड़ी कार्रवाई है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि प्रतिबंधित वन्यजीवों के शिकार, खरीद-बिक्री या तस्करी की जानकारी मिलने पर तत्काल वन विभाग को सूचना दें, ताकि ऐसे अपराधों पर प्रभावी कार्रवाई की जा सके।
