

रायपुर। राजधानी रायपुर के संजय नगर इलाके में शुक्रवार रात एक ही परिवार के पांच सदस्यों के शव मिलने से सनसनी फैल गई। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि बैटरी कारोबारी ने पहले अपनी पत्नी और तीन बच्चों को भोजन में जहर देकर मौत के घाट उतारा और इसके बाद खुद फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है और मामले की पुष्टि पोस्टमार्टम तथा फोरेंसिक जांच रिपोर्ट के बाद ही होगी।
घटना की सूचना शुक्रवार रात करीब 10 बजे पुलिस को मिली। मौके पर पहुंची पुलिस ने घर का दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया, जहां कारोबारी का शव फंदे से लटका मिला, जबकि पत्नी और तीनों बच्चों के शव कमरे में पड़े थे। सूचना मिलते ही पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी और फोरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची। देर रात तक जांच के बाद मकान को सील कर दिया गया।
आठ महीने पहले किराए के मकान में आया था परिवार
पुलिस के अनुसार, संजय नगर स्थित सय्यद उमेर के मकान में साजिद अली उर्फ सज्जू (50) अपनी पत्नी राबिया बानो (45), बेटे इरशाद अली (20) तथा बेटियों शाहिदा बेगम (15) और इरशाबा परवीन (12) के साथ किराए पर रहता था। परिवार करीब आठ महीने पहले इस मकान में रहने आया था। इससे पहले वे मठपारा क्षेत्र में रहते थे। साजिद पुरानी बैटरियों की खरीद-बिक्री का कारोबार करता था, जबकि उसका बेटा निजी कंपनी में नौकरी करता था।
खाने में जहर देने के बाद आत्महत्या की आशंका
पुलिस के मुताबिक, मृतकों के मुंह से झाग निकल रहा था। घटनास्थल से खाने-पीने की सामग्री और कीटनाशक का एक डिब्बा भी बरामद हुआ है। प्रारंभिक जांच में आशंका है कि साजिद ने पहले भोजन में जहर मिलाकर पत्नी और बच्चों को खिलाया और उनकी मौत के बाद खुद फांसी लगा ली। हालांकि पुलिस ने कहा है कि मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम और फोरेंसिक जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
आर्थिक तंगी और कर्ज का एंगल
प्रारंभिक जांच में आर्थिक तंगी और कर्ज की बात भी सामने आई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, कारोबारी पिछले कुछ समय से आर्थिक परेशानियों से जूझ रहा था। पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि कहीं आर्थिक संकट ही इस घटना की वजह तो नहीं बना।
संदिग्ध लोगों की आवाजाही की भी जांच
मोहल्ले के लोगों ने पुलिस को बताया कि घटना से पहले पिछले पांच दिनों से तीन-चार युवक नियमित रूप से साजिद के घर आ रहे थे। वे करीब 10 से 15 मिनट रुककर चले जाते थे। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि उनका परिवार से क्या संबंध था और क्या उनका किसी आर्थिक लेन-देन या अन्य विवाद से जुड़ाव था।
ऐसे हुआ घटना का खुलासा
साजिद जिस मकान में रहता था, उसकी पहली मंजिल पर एक अन्य परिवार भी रहता है। साजिद की दोनों बेटियां अक्सर उनके घर आती-जाती थीं, लेकिन गुरुवार रात से वे दिखाई नहीं दीं। शुक्रवार को भी उनके नहीं दिखने पर पड़ोसियों को संदेह हुआ। उन्होंने कई बार दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला।
इसके बाद मकान मालिक उमेर को बुलाया गया। उन्होंने भी साजिद को फोन किया और दरवाजा खटखटाया, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसी दौरान घर के भीतर से बदबू आने लगी। इसके बाद रात करीब 10 बजे पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया, जहां परिवार के पांचों सदस्यों के शव मिले।
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फोरेंसिक जांच और अन्य साक्ष्यों के आधार पर घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाया जाएगा। फिलहाल पुलिस हत्या के बाद आत्महत्या, आर्थिक संकट, पारिवारिक विवाद और अन्य संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
