
बिलासपुर। सकरी पुलिस ने कोयला चोरी और मिलावट के चर्चित मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी अजय कुमार सिंह को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, 10 जून 2026 को आर.के. पाण्डेय ने शिकायत दर्ज कराई थी कि दीपका कोल माइंस से भाटिया एनर्जी एंड कोल बेनिफिकेशन प्राइवेट लिमिटेड, लोखंडी के लिए एफ/जी ग्रेड का कोयला मंगवाया गया था। 10 जून की सुबह कोयला लेकर पहुंचे ट्रेलरों की जांच के दौरान लेब परीक्षण में कोयला निर्धारित गुणवत्ता का नहीं पाया गया।
पूछताछ में ट्रेलर चालकों ने खुलासा किया कि एफ ग्रेड के कोयले की चोरी कर उसमें मिलावट की गई थी। आरोप है कि यह पूरा खेल बालाजी कोल ट्रेडिंग एंड कंस्ट्रक्शन के संचालकों और प्लांट के सुपरवाइजरों की मिलीभगत से आपराधिक साजिश के तहत अंजाम दिया गया।
मामले में सकरी पुलिस ने पहले ही छह आरोपियों—आशिक हुसैन अंसारी, फैजान रजा अंसारी, फुजैल अंसारी, गौरव राजपूत, सीबु खान और दिलीप कुमार यादव—को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया था। वहीं, मुख्य आरोपियों में शामिल अजय कुमार सिंह घटना के बाद से फरार चल रहा था।
पुलिस ने उसकी तलाश जारी रखते हुए कोनी क्षेत्र में घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी अजय कुमार सिंह (36 वर्ष), निवासी समृद्धि विहार, कोनी के खिलाफ विधिवत कार्रवाई कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार मामले की जांच जारी है और कोयला चोरी तथा मिलावट के पूरे नेटवर्क की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है।
