

बिलासपुर। इच्छामृत्यु की मांग कर सुशासन शिविर पहुंची 85 वर्षीय वृद्धा की शिकायत पर आखिरकार पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वृद्धा ने आरोप लगाया है कि उसके रिश्तेदार ने भरोसे का फायदा उठाकर बैंक खाते की जमा राशि, जमीन और वाहन अपने नाम करा लिए।
मामला कोटा थाना क्षेत्र के बेलगहना कृष्णनगर निवासी बालकुवंर बसोर (85) से जुड़ा है। वृद्धा का आरोप है कि उसके रिश्तेदार फगुन प्रजापति निवासी केंदा ने केवाईसी, धान पंजीयन और बीमा संबंधी कार्यों का झांसा देकर विभिन्न दस्तावेजों पर अंगूठा लगवा लिया और बाद में उसकी संपत्ति पर कब्जा कर लिया।
शिकायत के अनुसार, वृद्धा के ग्रामीण बैंक बेलगहना स्थित खाते में करीब 23 लाख रुपये जमा थे। आरोप है कि दिसंबर 2021 में केवाईसी कराने के नाम पर बैंक ले जाकर यह राशि दूसरे खाते में ट्रांसफर करा ली गई। इसके अलावा ग्राम लूफा स्थित 6.34 एकड़ कृषि भूमि, एक मालवाहक वाहन, सेंट्रो कार और एक्टिवा भी कथित रूप से दूसरे के नाम करा दी गई।
वृद्धा ने बताया कि न्याय की मांग को लेकर वह कई बार थाने के चक्कर लगाती रही, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। आरोप है कि पहले पुलिस ने मामले को हस्तक्षेप अयोग्य बताकर उसे कोर्ट जाने की सलाह दी थी। इसके बाद निराश होकर वह सुशासन शिविर पहुंची और न्याय नहीं मिलने पर इच्छामृत्यु की मांग कर दी।
मामला प्रशासन के संज्ञान में आने के बाद पुलिस ने शिकायत की जांच कर आरोपित रिश्तेदार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस का कहना है कि दस्तावेजों और बैंक लेनदेन की जांच की जा रही है तथा जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
