

बिलासपुर। गौमाता के सम्मान, संरक्षण और सेवा के उद्देश्य से चलाए जा रहे गो सम्मान आह्वान अभियान के अंतर्गत न्यायधानी Bilaspur में सोमवार को गौसेवकों, संत समाज, हिंदू संगठनों, वैदिक विद्यार्थियों एवं गौभक्तों की गरिमामयी उपस्थिति में बिलासपुर तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा गया।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ की ओर से माननीय राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री एवं राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन में गौमाता के संरक्षण, गौमाता को राष्ट्रमाता का दर्जा देने तथा देश को गौहत्या मुक्त बनाने से संबंधित महत्वपूर्ण मांगें प्रस्तुत की गईं।
विशेष रूप से इस ज्ञापन के साथ बिलासपुर के संत समाज, गौ प्रेमियों एवं सनातनी हिंदुओं के हजारों हस्ताक्षर संलग्न किए गए। गौसेवकों ने हस्ताक्षर युक्त ज्ञापन को अपने सिर पर धारण कर तहसील कार्यालय तक पहुंचाया, जो इस अभियान के प्रति जनसमर्थन और एकजुटता का सशक्त प्रतीक बना।

गौसेवक विपुल शर्मा ने बताया कि यह केवल एक ज्ञापन नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति, आस्था और कर्तव्य के प्रति समर्पित जनभावना की बुलंद आवाज है। उन्होंने कहा कि सभी गौभक्त मिलकर गौमाता की सेवा, सुरक्षा और सम्मान के लिए संकल्पित हैं।
तेज धूप के बावजूद बड़ी संख्या में लोगों ने Shri Ram Mandir Tilak Nagar से पैदल मार्च प्रारंभ किया। इस दौरान गौमाता के संकीर्तन और जयकारों के साथ रैली तहसील कार्यालय पहुंची, जहां अधिकारियों को मांग पत्र सौंपा गया।
कार्यक्रम का नेतृत्व अतुल सिंह ठाकुर, विपुल शर्मा, कृष्ण ठाकुर, पार्षद राजेश सिंह, गोपाल कृष्ण रामानुज दास , बिंदु सिंह कछवाहा,एवं शिवांश पांडे ने किया। इस आयोजन में Gayatri Parivar, Vishwa Hindu Parishad, Shiv Sena, Bajrang Dal, वंदेमातरम मित्र मंडल सहित अन्य संगठनों के सदस्यों ने बड़ी संख्या में भागीदारी की।

