चोरों का पसंदीदा ठिकाना बना बैंक मैनेजर का घर, ढाई साल में चार वारदात, इस बार डीवीआर उखाड़ ले गए


बिलासपुर। उसलापुर स्थित मैत्री विहार कॉलोनी में एक बैंक मैनेजर का घर चोरों के लिए आसान निशाना बनता जा रहा है। ढाई साल के भीतर इसी घर में चार बार चोरी की वारदात हो चुकी है। ताजा मामले में चोरों ने इतनी बेखौफ तरीके से वारदात को अंजाम दिया कि घर में लगे सीसीटीवी कैमरों का डीवीआर उखाड़ ले गए और केबल काट दिए, जिससे उनकी पहचान न हो सके। लगातार हो रही घटनाओं के बावजूद अब तक सिविल लाइन पुलिस किसी भी आरोपी को पकड़ने में सफल नहीं हो सकी है।
पीड़ित वेद प्रकाश मेहर, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया में बैंक मैनेजर हैं। उनकी वर्तमान पोस्टिंग मंडला में है, जबकि उसलापुर स्थित मकान में उनका बेटा सौमिल मेहर रहता है। वर्ष 2023 में उनके घर पर पहली बार चोरी हुई थी। उस समय चोर पीछे के दरवाजे से घर में घुसे और आलमारी में रखे 50 हजार रुपये नकद तथा करीब दो लाख रुपये के जेवर चोरी कर ले गए थे।
इसके लगभग आठ महीने बाद अगस्त 2024 में चोर दोबारा घर में दाखिल हुआ। उस वक्त घर में लोग मौजूद थे, इसलिए चोर ने रात के समय नल की टोटियां, पाइप और अन्य कीमती लोहे का सामान चोरी किया। इसके सात माह बाद तीसरी बार चोर ने घर में घुसने की कोशिश की, लेकिन सौमिल मेहर के शोर मचाने पर वह फरार हो गया।
चौथी और ताजा वारदात 19 से 21 जनवरी के बीच हुई। 19 जनवरी को सौमिल बनारस अपने गांव गया हुआ था। 21 जनवरी को लौटने पर उसने देखा कि घर का ताला टूटा हुआ है। जांच करने पर पता चला कि चोरों ने आलमारी में रखे 15 हजार रुपये नकद सहित अन्य कीमती सामान चोरी कर लिया है।
जनवरी में रोज चोरी, 23 दिन में 25 वारदात
जनवरी माह में शहर में चोरी की घटनाओं में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है। केवल सिविल लाइन थाना क्षेत्र में 5 और सरकंडा थाना क्षेत्र में 4 छोटी-बड़ी चोरी की घटनाएं दर्ज की गई हैं। बीते 23 दिनों में कुल 25 चोरी के मामले सामने आए हैं। इनमें से कुछ ही मामलों का पुलिस खुलासा कर सकी है, जबकि अधिकांश आरोपी अभी भी फरार हैं। मंगला और सरकंडा क्षेत्र के कई मामलों में पुलिस को चोरों का हुलिया और वारदात का तरीका पता होने के बावजूद गिरफ्तारी नहीं हो पाई है।
लगातार हो रही चोरी की घटनाओं से क्षेत्रवासियों में दहशत का माहौल है और पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं।

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