
बिलासपुर। शहर के इमलीपारा इलाके में शनिवार दोपहर एक रिहायशी मकान में लगे स्प्लिट एसी के इंडोर पैनल में अचानक धमाका होने से बेडरूम में आग लग गई। आग ने देखते ही देखते कमरे में रखे फर्नीचर, कपड़े और अन्य घरेलू सामान को अपनी चपेट में ले लिया। राहत की बात यह रही कि घटना के समय कमरे में कोई मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया।
जानकारी के अनुसार, सिविल लाइन थाना क्षेत्र के इमलीपारा निवासी इंदरपाल सिंह उर्फ लक्की के घर में दोपहर करीब 2 बजे बेडरूम में लगे स्प्लिट एसी के इंडोर पैनल से लगातार दो-तीन तेज धमाकों की आवाज आई। आवाज सुनकर परिवार के लोग कमरे की ओर दौड़े तो देखा कि एसी में आग लगी हुई है और लपटें कमरे में रखे कपड़ों, पर्दों तथा फर्नीचर तक फैल चुकी हैं। कुछ ही देर में पूरा कमरा धुएं से भर गया, जिसके बाद परिवार के सभी सदस्य सुरक्षित बाहर निकल आए।
परिजनों और पड़ोसियों ने आग बुझाने का प्रयास किया, साथ ही फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई। करीब 20 मिनट बाद मौके पर पहुंची दमकल की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। हालांकि तब तक कमरे में रखा अधिकांश सामान जलकर खाक हो चुका था। घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन मकान मालिक को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।
विशेषज्ञ बोले- सर्विसिंग में लापरवाही बन सकती है हादसे की वजह
रेफ्रिजरेटर एवं एसी विशेषज्ञ शशि नारायण मिश्रा के अनुसार, स्प्लिट एसी का कंप्रेसर आउटडोर यूनिट में होता है। इंडोर यूनिट में आग लगने के पीछे आमतौर पर कॉइल में लीकेज, गैस रिसाव, वायरिंग में स्पार्किंग या शॉर्ट सर्किट जैसी तकनीकी खराबियां जिम्मेदार होती हैं। उन्होंने कहा कि समय-समय पर एसी की सर्विसिंग और लीकेज की जांच कराने से इस तरह की घटनाओं की आशंका काफी हद तक कम की जा सकती है।
पहले भी हो चुका है बड़ा हादसा
गौरतलब है कि 15 मार्च को सरकंडा के लिंगियाडीह क्षेत्र में फ्रिज के कंप्रेसर में हुए भीषण ब्लास्ट में अकेले रह रही एक बुजुर्ग महिला की मौत हो गई थी। धमाका इतना जोरदार था कि मकान की दीवारों में भी दरारें आ गई थीं। शहर में यह पहली ऐसी घटना थी, जिसमें घरेलू उपकरण के ब्लास्ट से किसी की जान गई थी।
