
बिलासपुर/कोटा। जिले में अलग-अलग स्थानों पर बारातियों से भरे वाहनों के दुर्घटनाग्रस्त होने की दो घटनाओं में कुल दो लोगों की मौत हो गई, जबकि 25 से अधिक लोग घायल हो गए। दोनों ही मामलों में तेज रफ्तार और वाहन पर नियंत्रण खोना हादसे का प्रमुख कारण बताया जा रहा है।
सीपत क्षेत्र में पिकअप पलटी, एक की मौके पर मौत
पहली घटना सीपत थाना क्षेत्र के ग्राम कर्मा बसहा मोड़ की है, जहां रविवार देर रात बारातियों से भरी एक तेज रफ्तार पिकअप वाहन अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसे में ग्राम उमरिया दादर निवासी 45 वर्षीय राम झूल सिंह की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 12 लोग घायल हो गए।
पुलिस के अनुसार, रतनपुर क्षेत्र के ग्राम उमरिया दादर से बारात ग्राम कारीछापर आई थी। देर रात लौटते समय पिकअप (सीजी 12 एएक्स 9589) में 25 से अधिक लोग सवार थे। कर्मा बसहा मोड़ के पास चालक ने नियंत्रण खो दिया, जिससे वाहन पलट गया। हादसे के बाद डायल 112 और निजी वाहनों की सहायता से घायलों को सिम्स अस्पताल पहुंचाया गया। मामले में अब तक कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।
नगचुई के पास स्कॉर्पियो हादसा, महिला की मौत
दूसरी घटना कोटा क्षेत्र अंतर्गत नगचुई के पास सोमवार को हुई, जहां बारातियों से भरी एक स्कॉर्पियो अनियंत्रित होकर पलट गई। इस हादसे में एक महिला की मौत हो गई, जबकि 13 लोग घायल हो गए।
पुलिस के मुताबिक, स्कॉर्पियो बिलासपुर-कोटा से मुंगेली के पांडातराई जा रही थी। नगचुई गांव के पास अचानक सामने आए एक साइकिल सवार को बचाने के प्रयास में चालक ने ब्रेक लगाया, जिससे वाहन सड़क पर कई बार पलट गया। राहगीरों की मदद से सभी घायलों को बाहर निकाला गया।
गंभीर रूप से घायल सुशीला मानिकपुरी (निवासी घोरामार) को कोटा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। अन्य घायलों में कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है।
तेज रफ्तार और लापरवाही बनी हादसों की वजह
दोनों घटनाओं में प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और वाहन नियंत्रण में कमी को हादसे का मुख्य कारण माना जा रहा है। पुलिस द्वारा आगे की जांच की जा रही है।
