

नई दिल्ली। सोशल मीडिया पर इन दिनों यह दावा तेजी से वायरल हो रहा है कि भारत के पास केवल “5 दिन का रणनीतिक तेल भंडार” बचा है। हालांकि, प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) ने इस दावे को पूरी तरह भ्रामक और गलत बताया है।
PIB ने किया फैक्ट चेक
PIB के फैक्ट चेक के अनुसार, देश में तेल भंडारण की स्थिति पूरी तरह सुरक्षित और संतुलित है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि भारत की कुल तेल भंडारण क्षमता 74 दिनों की है, जिसमें से वर्तमान में लगभग 60 दिनों का स्टॉक उपलब्ध है।
किन-किन भंडारों को किया गया शामिल
सरकार के अनुसार, इस कुल भंडार में कई प्रकार के स्टॉक शामिल हैं:
कच्चे तेल (Crude Oil) का भंडार
पेट्रोल-डीजल जैसे उत्पादों का स्टॉक
भूमिगत गुफाओं में सुरक्षित रखा गया रणनीतिक भंडार
इन सभी को मिलाकर देश में ईंधन की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की गई है।
दो महीने की स्थिर आपूर्ति सुनिश्चित
PIB ने यह भी स्पष्ट किया कि पूरे देश में करीब दो महीने तक ईंधन की निर्बाध आपूर्ति बनाए रखने की व्यवस्था है। ऐसे में आम जनता को किसी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है।
अफवाहों से बचने की अपील
सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर फैल रही अपुष्ट और भ्रामक खबरों पर ध्यान न दें तथा केवल आधिकारिक स्रोतों से ही जानकारी प्राप्त करें।
ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का फोकस
विशेषज्ञों का मानना है कि भारत लगातार अपनी ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए रणनीतिक भंडारण क्षमता बढ़ा रहा है, ताकि किसी भी वैश्विक संकट या आपूर्ति बाधा की स्थिति में देश की जरूरतें प्रभावित न हों।
इस स्पष्टीकरण के बाद यह साफ हो गया है कि देश में तेल की कोई कमी नहीं है और आपूर्ति पूरी तरह सामान्य बनी हुई है।
