

बिलासपुर।
अचानकमार टाइगर रिजर्व (एटीआर) में बाघों की वार्षिक गणना 8 जनवरी से शुरू हो गई है। इस प्रक्रिया के तहत रिजर्व को दो हिस्सों में बांटकर पहले चरण में 300 ट्रैप कैमरे लगाए गए हैं। पैदल गार्ड और अन्य वनकर्मी पूरी तन्मयता से बाघों के मूवमेंट और उनके क्षेत्रों का पता लगाने में जुटे हुए हैं।
प्रबंधन के अनुसार, बाघों को सीधे देखना अनिवार्य नहीं है, लेकिन इसके बावजूद कर्मचारी मौके पर निगरानी कर रहे हैं ताकि प्रत्यक्ष अवलोकन भी हो सके। पहला चरण फरवरी के पहले सप्ताह तक पूरा किया जाएगा। वर्तमान आकलन के अनुसार एटीआर में 18 बाघ मौजूद हैं। पिछली गणना में बाघों की संख्या 14 थी, लेकिन बाद में चार शावकों के जन्म के साथ यह बढ़कर 18 हो गई।
एटीआर में कुल 108 बीट हैं, जहां सभी बीट गार्ड और स्टाफ गणना कार्य में लगे हुए हैं। पहले चरण के दौरान लगाए गए कैमरों से प्राप्त डेटा 1 फरवरी के बाद निकाला जाएगा और मिलान के लिए देहरादून स्थित मुख्यालय भेजा जाएगा।
डेटा मिलान के बाद बीट गार्ड और अन्य स्टाफ ट्रांजिट लाइन पर वन्यजीवों के साइन जैसे पगमार्क, खरोंच और अन्य संकेतों की तलाश करेंगे। इसके बाद शेष क्षेत्रों में 344 अतिरिक्त ट्रैप कैमरे लगाए जाएंगे और 15 फरवरी से गणना का दूसरा चरण शुरू होगा।
इस दौरान केवल बाघ ही नहीं, बल्कि अन्य वन्य प्रजातियों की मौजूदगी और संख्या का भी आकलन किया जाएगा, जिससे रिजर्व में वन्यजीव संरक्षण की स्थिति को लेकर सटीक जानकारी मिल सकेगी।
