

राजधानी रिपोर्टर/सौरभ साहू
दिनांक 03/07/2026,
जिला सूरजपुर छत्तीसगढ़।।
सूरजपुर। प्रदेश सरकार द्वारा जुलाई माह से VSK ऐप के माध्यम से शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति अनिवार्य किए जाने तथा उपस्थिति दर्ज नहीं होने की स्थिति में वेतन कटौती के निर्देश ने शिक्षकों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। पहले से ही सर्वर और नेटवर्क की समस्याओं से जूझ रहे शिक्षकों का कहना है कि यदि बरसात के दौरान आंधी-तूफान, बिजली गुल या नेटवर्क बाधित हुआ तो उनकी उपस्थिति दर्ज नहीं हो सकेगी और इसका सीधा असर वेतन पर पड़ेगा।
छत्तीसगढ़ प्रदेश संयुक्त शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष सचिन त्रिपाठी के मार्गदर्शन में ब्लॉक अध्यक्ष राधेश्याम साहू ने बताया कि विकासखंड रामानुजनगर के शिक्षकों से प्राप्त शिकायतों में अनेक गंभीर तकनीकी समस्याएं सामने आई हैं। विद्यालय में उपस्थित रहने के बावजूद ऐप कई बार 2 से 5 किलोमीटर की दूरी दिखाता है, चेक-इन और चेक-आउट सही समय पर दर्ज नहीं होते, पंजीयन में दिक्कत आती है, कमजोर नेटवर्क वाले क्षेत्रों में ऐप काम नहीं करता तथा मौसम खराब होने पर भी उपस्थिति दर्ज कराना मुश्किल हो जाता है।
उन्होंने कहा कि बरसात के मौसम में पेड़ गिरने, बिजली बाधित होने और मोबाइल नेटवर्क ठप होने की घटनाएं सामान्य हैं। ऐसे में बिना किसी वैकल्पिक व्यवस्था के केवल तकनीकी कारणों से शिक्षकों का वेतन काटना पूरी तरह अन्यायपूर्ण होगा। इससे शिक्षक मानसिक तनाव में हैं और उनका बहुमूल्य समय विद्यार्थियों को पढ़ाने के बजाय उपस्थिति दर्ज कराने में व्यतीत हो रहा है।
इन्हीं समस्याओं को लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश संयुक्त शिक्षक संघ के बैनर तले ब्लॉक अध्यक्ष राधेश्याम साहू के नेतृत्व में शिक्षकों ने विकासखंड शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर VSK ऐप की तकनीकी खामियों को दूर करने तथा नेटवर्क विफल होने जैसी परिस्थितियों में वैकल्पिक उपस्थिति व्यवस्था लागू करने की मांग की। संघ ने स्पष्ट किया कि जब तक सभी तकनीकी समस्याओं का समाधान नहीं हो जाता, तब तक उपस्थिति दर्ज नहीं होने पर वेतन कटौती जैसी दंडात्मक कार्रवाई नहीं की जानी चाहिए।
ज्ञापन सौंपने के दौरान ब्लॉक अध्यक्ष राधेश्याम साहू, उपाध्यक्ष देवमती सिंह, प्रवक्ता सतीश कुमार साहू, प्रमोद कुमार साहू, वरिष्ठ प्रधान पाठक शिवलाल सिंह, सुशील गुप्ता सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे।
