
बिलासपुर। ट्रेनों में चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले अंतरराज्यीय महिला गिरोह के खिलाफ जीआरपी को बड़ी सफलता मिली है। गिरोह की मुख्य सरगना मोनी देवी की निशानदेही पर झारखंड के जामताड़ा जिले के मिहिजाम स्थित उसके घर से करीब चार तोले का सोने का नेकलेस बरामद किया गया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लगभग 6 लाख रुपए बताई जा रही है।
इससे पहले जीआरपी ने गिरोह के चार महिला और दो पुरुष सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से करीब 17 लाख रुपए के जेवरात जब्त किए थे। पूछताछ के बाद न्यायालय से रिमांड मिलने पर जीआरपी प्रभारी विश्वनाथ चक्रवर्ती के नेतृत्व में टीम मोनी देवी को लेकर उसके पैतृक गांव पहुंची।
पुलिस की जांच का अगला लक्ष्य चोरी के जेवरात खरीदने वाले मुख्य आरोपी राजकिशोर साव को पकड़ना था। जीआरपी टीम जब मिहिजाम के श्मशान रोड स्थित उसके घर पहुंची तो वहां तनावपूर्ण स्थिति बन गई। घर के मुख्य दरवाजे पर बाहर से ताला लगा था, जबकि अंदर महिलाएं मौजूद थीं। पुलिस द्वारा लगातार आवाज देने और करीब एक घंटे तक प्रयास करने के बावजूद दरवाजा नहीं खोला गया।
इसके बाद जीआरपी ने स्थानीय मिहिजाम पुलिस और महिला पुलिसकर्मियों की मदद ली। काफी समझाने-बुझाने के बाद अंदर से चाबी दी गई और पुलिस घर के भीतर पहुंची। स्थानीय पुलिस की मौजूदगी में तलाशी ली गई, लेकिन कोई संदिग्ध सामान बरामद नहीं हुआ।
जीआरपी प्रभारी के अनुसार आरोपी राजकिशोर साव को पुलिस कार्रवाई की भनक पहले ही लग गई थी, जिसके चलते वह फरार हो गया। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने घर में कोई जेवरात नहीं छोड़ा था, यहां तक कि घर की महिलाओं ने भी कोई गहना नहीं पहन रखा था। पुलिस ने परिजनों को आरोपी को तत्काल थाने में पेश करने की चेतावनी दी है।
फिलहाल जीआरपी फरार आरोपी की तलाश में जुटी हुई है और गिरोह से जुड़े अन्य नेटवर्क की भी जांच कर रही है।
