

बिलासपुर। सकरी थाना पुलिस ने बीट सिस्टम के प्रभावी उपयोग से चोरी की श्रृंखलाबद्ध वारदातों का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने थाना क्षेत्र में अलग-अलग स्थानों पर कुल 9 चोरी की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से चोरी का सामान भी बरामद किया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी अरविंद पटेल (20) और आशीष रजक (20), दोनों निवासी धुरीपारा मंगला, थाना सिविल लाइन, बिलासपुर, को गिरफ्तार किया गया है। मामले में तीन विधि से संघर्षरत बालक भी शामिल पाए गए हैं।
बीट आरक्षकों की सूचना से मिली सफलता
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देश पर लंबित चोरी के मामलों में त्वरित कार्रवाई के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा था। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज कुमार पटेल एवं नगर पुलिस अधीक्षक निमितेश सिंह परिहार के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक विजय चौधरी ने टीम गठित कर बीट आरक्षकों को सक्रिय किया।

सूचना संकलन के आधार पर संदेही अरविंद पटेल को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। प्रारंभ में उसने पुलिस को गुमराह किया, लेकिन सख्ती से पूछताछ करने पर उसने अपने साथी आशीष रजक और अन्य नाबालिगों के साथ मिलकर चोरी की वारदातों को अंजाम देना स्वीकार किया।
इन स्थानों पर की गई चोरी
आरोपियों ने चोरभट्ठी खुर्द, देवरीकला, आशियाना कॉलोनी घुरू, गिरधौना, बंधवापारा सकरी, संबलपुरी और सिद्धिविनायक कॉलोनी सहित विभिन्न क्षेत्रों में सूने मकानों और निर्माणाधीन स्थलों को निशाना बनाया। कई मामलों में ताला तोड़कर नकदी और कीमती सामान चोरी किए गए।
मशरूका बरामद
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर एक समरसीबल पंप, स्प्रेयर पंप, कॉपर तार, केबल, बिजली वायर, चांदी के आभूषण (कर्धन, पायल, अंगूठी, चम्मच), टीवी, सिलिंग फैन, स्टील के नल, कांसे के बर्तन और 700 रुपये नगद बरामद किए हैं। आरोपियों ने चोरी की अधिकांश नकदी खर्च कर देने की बात भी स्वीकार की है।
न्यायिक रिमांड पर भेजे गए आरोपी
दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है।
इस कार्रवाई में थाना सकरी पुलिस की टीम के कई अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका महत्वपूर्ण रही है।
