
प्रवीर भट्टाचार्य

बिलासपुर। शहर में पिछले दो दशक से अधिक समय से घायल और बीमार गौवंशों की सेवा में समर्पित समाजसेवी विपुल शर्मा और उनके साथियों के प्रयासों को अब एक नई ऊर्जा और ठोस आधार मिला है। लंबे समय से गौशाला के लिए भूमि की मांग कर रहे इन गौसेवकों का सपना आखिरकार साकार होता नजर आ रहा है।
विपुल शर्मा द्वारा वर्षों से पुराना श्याम टॉकीज के पास स्थित वेटनरी अस्पताल के समीप खाली जमीन पर घायल गायों का उपचार और सेवा कार्य किया जा रहा था। इस दौरान कई बार उन्हें वहां से हटाने के प्रयास भी किए गए, लेकिन उन्होंने सेवा कार्य नहीं छोड़ा। उन्होंने सैकड़ों बार शासन-प्रशासन से स्थायी गौशाला हेतु भूमि की मांग की, यहां तक कि अपनी मांग को लेकर दिल्ली तक पदयात्रा भी की। बावजूद इसके, उनकी मांग लंबे समय तक अनसुनी रही।
इस बीच शहर के दानदाताओं और जनप्रतिनिधियों से भी उन्होंने लगातार सहयोग की अपील की, लेकिन अपेक्षित मदद नहीं मिल पाई। ऐसे में अब बिलासपुर के समाजसेवी श्री राम अवतार अग्रवाल ने एक प्रेरणादायक पहल करते हुए अपनी निजी 2 एकड़ भूमि ‘बिलासपुर गौसेवा धाम’ के लिए उपलब्ध कराई है। यह भूमि घायल और असहाय गौवंशों की सेवा के लिए एक स्थायी और व्यवस्थित केंद्र के निर्माण की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
गौसेवा धाम के सदस्यों ने श्री अग्रवाल के इस योगदान को अभूतपूर्व बताते हुए उन्हें साधुवाद और आभार प्रकट किया है। उनका कहना है कि उनका यह प्रयास गौसेवा के प्रति समर्पण और समाज के लिए प्रेरणा का प्रतीक है।
इस महत्वपूर्ण पहल के तहत आगामी 27 मार्च, शुक्रवार को दोपहर 3 बजे (गोधूलि बेला) भूमि पूजन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। भूमि पूजन श्री राम अवतार अग्रवाल के करकमलों से संपन्न होगा। कार्यक्रम स्थल शनिचरी बाजार, हैप्पी स्ट्रीट के सामने, नाला रोड, कमली वाले बाबा के पास निर्धारित किया गया है।
गौसेवा धाम से जुड़े सभी कार्यकर्ताओं और शहरवासियों से इस अवसर पर अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होने की अपील की गई है। साथ ही, सभी से यह भी आह्वान किया गया है कि वे तन, मन और धन से सहयोग कर एक भव्य और सुसज्जित गौसेवा धाम के निर्माण में योगदान दें, जिससे घायल और बेसहारा गौमाता को सुरक्षित आश्रय और समुचित उपचार मिल सके।
यह पहल न केवल बिलासपुर में गौसेवा के क्षेत्र में एक नया अध्याय जोड़ेगी, बल्कि समाज में सेवा और सहयोग की भावना को भी सशक्त बनाएगी।
