

बिलासपुर। सीपत थाना क्षेत्र के ग्राम लुतरा में महाशिवरात्रि के अवसर पर प्राचीन देव स्थल से आराध्य देव बाबा राउतराय महाराज सहित पांच मूर्तियों की चोरी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। घटना के बाद गांव में भारी आक्रोश व्याप्त है।
पूजा करने पहुंचे श्रद्धालुओं ने देखा खाली चबूतरा
रविवार सुबह महाशिवरात्रि के विशेष पूजन के लिए जब श्रद्धालु देव स्थल पहुंचे तो चबूतरे से मुख्य प्रतिमा सहित चार अन्य मूर्तियां गायब मिलीं। पास में स्थापित बजरंग बली की मूर्ति सुरक्षित पाई गई। चोरी की खबर फैलते ही गांव में भीड़ जुट गई। बुजुर्गों और महिलाओं में गहरा दुख देखा गया, वहीं युवाओं में नाराजगी उभर आई।
ग्रामीणों का कहना है कि बाबा राउतराय महाराज गांव की स्थापना काल से आराध्य देव के रूप में पूजे जाते रहे हैं। ऐसे में इस घटना को आस्था पर बड़ा आघात माना जा रहा है।
वाहन के निशान मिले, बड़े गिरोह की आशंका
घटनास्थल के पास कुछ वाहनों के निशान मिले हैं, जिससे आशंका जताई जा रही है कि चोर किसी बड़े वाहन से आए थे। सरपंच चंद्रमणि मेरावी के नेतृत्व में ग्रामीण शिकायत दर्ज कराने सीपत थाना पहुंचे।
थाने में हंगामा, दुर्व्यवहार का आरोप
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि थाने में प्रधान आरक्षक जयपाल बंजारे ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया और घंटों बैठाए रखा। सीसीटीएनएस सर्वर डाउन होने के कारण एफआईआर ऑनलाइन दर्ज नहीं हो सकी, जिसके बाद पुलिस ने लिखित आवेदन स्वीकार किया।
एसएसपी के निर्देश पर जांच टीम गठित
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने सीएसपी निमितेश सिंह को तत्काल मौके पर भेजा। पुलिस ने विशेष टीम गठित कर जांच शुरू कर दी है।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही मूर्तियों की बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो वे उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे। घटना ने त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की मुस्तैदी पर सवाल खड़े कर दिए
