

मुंगेली। नववर्ष की पूर्व संध्या पर मुंगेली पुलिस ने नागरिकों को बड़ी राहत और खुशी का तोहफा दिया है। पुलिस अधीक्षक मुंगेली श्री भोजराम पटेल (भा.पु.से.) के कुशल निर्देशन में चलाए गए गुम मोबाइल खोज अभियान के तहत पुलिस ने 110 नग गुम मोबाइल फोन उनके वास्तविक स्वामियों को लौटाए। इन मोबाइलों की कुल अनुमानित कीमत करीब 16 लाख 50 हजार रुपये बताई गई है।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सभाकक्ष में 31 दिसंबर 2025 को आयोजित गरिमामय कार्यक्रम में एसपी श्री भोजराम पटेल ने स्वयं मोबाइल धारकों को उनके फोन सौंपे। अपना खोया हुआ मोबाइल वापस पाकर नागरिकों के चेहरे खुशी से खिल उठे। कई लोगों ने बताया कि उन्हें मोबाइल मिलने की उम्मीद लगभग छोड़ चुके थे, लेकिन मुंगेली पुलिस की सक्रियता ने उनका भरोसा फिर से जगा दिया।

CEIR पोर्टल से मिली बड़ी सफलता
एसपी श्री भोजराम पटेल ने जानकारी देते हुए बताया कि जिले के विभिन्न थानों में दर्ज गुम मोबाइल संबंधी शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए साइबर सेल और थानों की संयुक्त टीम गठित की गई। टीम ने भारत सरकार के CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल का प्रभावी उपयोग करते हुए आईएमईआई नंबर के माध्यम से मोबाइलों को ट्रेस किया। तकनीकी दक्षता और सतत प्रयासों के चलते मोबाइल न केवल मुंगेली जिले से, बल्कि अन्य जिलों और राज्यों से भी बरामद किए गए।

साइबर सेल की सराहनीय भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में साइबर सेल प्रभारी श्री सुशील बंछोड और उनकी टीम की भूमिका अत्यंत सराहनीय रही। आईएमईआई ट्रैकिंग और सर्विलांस के जरिए मोबाइलों की लोकेशन पता कर उन्हें रिकवर किया गया। साइबर सेल प्रभारी श्री बंछोड के कार्यकाल के अंतिम दिन उनके हाथों मोबाइल स्वामियों को मोबाइल सौंपे गए। इस अवसर पर एसपी श्री भोजराम पटेल ने उनके उत्कृष्ट कार्य की सराहना करते हुए इसे एक सम्मानजनक और शानदार विदाई बताया तथा पूरी साइबर यूनिट को पुरस्कृत करने की घोषणा की।
नागरिकों ने जताया आभार
मोबाइल प्राप्त करने वाले आवेदकों ने मुंगेली पुलिस की कार्यप्रणाली की मुक्तकंठ से प्रशंसा की और एसपी श्री भोजराम पटेल सहित पूरी पुलिस टीम का हृदय से आभार व्यक्त किया। नागरिकों ने कहा कि इस पहल से पुलिस के प्रति विश्वास और मजबूत हुआ है।
जनता के नाम पुलिस का संदेश

इस अवसर पर एसपी श्री भोजराम पटेल ने आम नागरिकों से अपील करते हुए कहा—
मोबाइल गुम होने पर घबराएं नहीं, तुरंत नजदीकी थाने में सूचना दें।
ceir.gov.in पोर्टल पर जाकर गुम मोबाइल की जानकारी दर्ज करें, ताकि उसके दुरुपयोग को रोका जा सके।
सेकेंड हैंड मोबाइल खरीदते समय हमेशा पक्का बिल लें, बिना बिल के मोबाइल चोरी का हो सकता है।
मुंगेली पुलिस की यह पहल न केवल तकनीकी दक्षता का उदाहरण है, बल्कि आम जनता के प्रति संवेदनशील और भरोसेमंद पुलिसिंग का भी सशक्त संदेश देती है।

