

आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पहुंची थी पुलिस टीम, भारी पुलिस बल की तैनाती; पूरे क्षेत्र में तनाव, प्रशासन ने संभाला मोर्चा,,,,
राजधानी रिपोर्टर / सौरभ साहू कि रिपोर्ट,,,
दिनांक 24/07/2026,
लोकेशन, सूरजपुर छत्तीसगढ़।।
सूरजपुर। जिले के मदननगर में शुक्रवार को उस समय हालात अचानक तनावपूर्ण हो गए, जब प्रस्तावित SECL (साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड) की नई कोयला खदान का विरोध कर रहे ग्रामीणों और पुलिस के बीच हिंसक झड़प हो गई। देखते ही देखते स्थिति इतनी बिगड़ गई कि दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की और पथराव जैसी स्थिति बन गई। इस दौरान SDOP रैंक के अधिकारी सहित कई पुलिसकर्मी घायल हो गए, जिन्हें तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल व्याप्त है।। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए थे। हालात को नियंत्रण में रखने के लिए पुलिस को अतिरिक्त बल बुलाना पड़ा। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।
कई दिनों से चल रहा है माइंस परियोजना का विरोध
जानकारी के अनुसार, मदननगर क्षेत्र में SECL द्वारा प्रस्तावित नई कोयला खदान को लेकर ग्रामीणों में लंबे समय से नाराजगी है। ग्रामीणों का कहना है कि खदान परियोजना से उनकी कृषि भूमि, जंगल, जल स्रोत और आजीविका प्रभावित होगी। इसी कारण वे लगातार परियोजना का विरोध कर रहे हैं।।
बताया जा रहा है कि कुछ दिन पहले जब SECL के अधिकारी और कर्मचारी माइंस क्षेत्र का सर्वे करने पहुंचे थे, तब भी ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया था और दोनों पक्षों के बीच विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। उसी घटना के बाद से क्षेत्र में तनाव बना हुआ था।
पांच आरोपियों की गिरफ्तारी के दौरान बिगड़े हालात
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को पुलिस टीम एक पुराने आपराधिक मामले में पांच आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए मदननगर पहुंची थी। पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार किए जाने वाले आरोपियों में हत्या के प्रयास (Attempt to Murder) के मामले का एक आरोपी भी शामिल था।। जैसे ही पुलिस कार्रवाई शुरू हुई, बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए और गिरफ्तारी का विरोध करने लगे। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और पुलिस तथा ग्रामीणों के बीच झड़प शुरू हो गई। इस दौरान कई पुलिसकर्मी घायल हो गए।
SDOP सहित कई पुलिसकर्मी घायल
घटना में SDOP रैंक के अधिकारी सहित कई पुलिस जवानों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। घायलों को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज जारी है। हालांकि प्रशासन की ओर से अभी तक घायलों की आधिकारिक संख्या जारी नहीं की गई है।
भारी पुलिस बल तैनात, वरिष्ठ अधिकारी पहुंचे मौके पर
घटना की सूचना मिलते ही जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी एवं आसपास के थानों से अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। पूरे मदननगर और आसपास के क्षेत्र में सैकड़ों पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। पुलिस लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है तथा पूरे घटनाक्रम की वीडियोग्राफी और साक्ष्य जुटाने का कार्य भी किया जा रहा है।
ग्रामीणों की नाराजगी बरकरार
ग्रामीणों का कहना है कि उनका विरोध केवल प्रस्तावित माइंस परियोजना को लेकर है। उनका आरोप है कि परियोजना से उनकी जमीन, पर्यावरण और भविष्य प्रभावित होगा। वहीं पुलिस का कहना है कि उसकी कार्रवाई केवल न्यायालय एवं कानून के अनुसार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए थी और कानून-व्यवस्था बनाए रखना उसकी जिम्मेदारी है।
जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई
प्रशासन का कहना है कि पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जांच कराई जा रही है। घटना में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है तथा उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।।
फिलहाल मदननगर में स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है, लेकिन तनाव को देखते हुए पुलिस बल की तैनाती जारी है। प्रशासन ने क्षेत्र के लोगों से शांति बनाए रखने तथा अफवाहों से बचने की अपील की है।।
