

छंद शाला की स्थापना के सातवें वर्षगांठ समारोह का आयोजन अत्यंत हर्षोल्लास और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में माननीय विधायक श्री अमर अग्रवाल उपस्थित रहे और कार्यक्रम की अध्यक्षता अध्यक्षता निराला जी ने की। कार्यक्रम का शुभारंभ अमिषा तिवारी के सरस्वती वंदना और स्वागत गान से हुआ। फिर स्वागत उद्बोधन मार्गदर्शक ओमप्रकाश भट्ट ने दिया। इसके बाद पुस्तक विमोचन का कार्यक्रम हुआ जिसमें डॉ. दीन दयाल यादव की कृति “जंगल में जगराता” (बाल पूर्णिका संग्रह), व्ही. व्ही. रमणा की “तुम सिर्फ मेरी हो” (काव्य संग्रह) तथा श्रीमती सुमन कस्तूरे की “गुलदस्ता” (काव्य संग्रह) का विधिवत विमोचन माननीय अतिथियों द्वारा हुआ। समारोह में साहित्यिक संस्था “कविता चौराहे पर “मुंगेली, (छत्तीसगढ़) एवं “अहीर नृत्य कला परिषद, बिलासपुर छत्तीसगढ़” का सम्मान भी किया गया, जिससे कार्यक्रम की गरिमा और अधिक बढ़ गई।

छंदशाला परिवार में सिर्फ प्रदेश ही नहीं वरन देश और विदेश से भी ख्यातिप्राप्त साहित्यकार जुड़े हुए हैं। पीलीभीत उ.प्र.से रामअवतार शर्मा जी , उमेशचंद्र शर्मा जी म.प्र. , सुषमा पाठक चंडीगढ़,डॉ सुनीता मिश्रा ने बैंगलोर और रिषभ मिश्रा ने आस्ट्रेलिया से छंदशाला के स्थापना दिवस समारोह पर अपनी काव्यमय शुभकामनाएं प्रेषित की हैं।बिलासपुर के नजदीकी क्षेत्रों जैसे मुंगेली, रतनपुर,सीपत, रायगढ़, नवागढ़,मेऊ , शिवरीनारायण से भी पधारे कवियों ने अपनी सशक्त एवं भावपूर्ण कविताओं का पाठ किया। राम, कृष्ण, माता-पिता एवं देशभक्ति जैसे विषयों पर आधारित प्रस्तुतियों ने उपस्थित श्रोताओं को भावविभोर कर दिया। पूरा वातावरण साहित्यिक रस, संवेदनाओं और सांस्कृतिक चेतना से ओतप्रोत रहा।
कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए छंद शाला परिवार के सभी सदस्यों का योगदान सराहनीय रहा। यह आयोजन साहित्य प्रेमियों के लिए एक अविस्मरणीय अनुभव बन गया और भविष्य में भी ऐसे आयोजनों की निरंतरता की प्रेरणा प्रदान करता है।

इस अवसर पर छंद शाला के विशेष सहयोगी अवधेश अग्रवाल,डी. डी.यादव ,गजानंद पात्रे,ललिता यादव,उषा तिवारी ,नीतेश पाटकर,
रेणु बजापेयी,शैलेन्द्र गुप्ता, डॉ महेश पांडे, डॉ दुबे, आनंद पांडेय,मनीषा भट्ट, बालमुकुंद श्रीवास, आभा गुप्ता, रमन किरण ,दिनेश्वर जाधव,लेखनी जाधव,राजेश,दुबे रश्मि अग्रवाल देवेंद्र शर्मा, सेवक एस कपूर, रानी साहू,अनामोल सिंहा
बुधराम यादव, मंत राम यादव, डा सर्वेश पाठक ,राजेश सोनार, प्रवेश भट्ट, अशोक शर्मा अद्वितीय, राघवेन्द्र दुबे,विवेक तिवारी,सरोज सिंह,शरद यिदव अक्स, जगदीश निर्मल , रमण किरण उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का सफल संचालन कामना पांडेय और बालमुकुंद श्रीवास ने एवं
आभार शैलेन्द्र गुप्ता द्वारा किया गया ।

