
शशि मिश्रा

बिलासपुर। ई-केवायसी अपडेट नहीं होने के कारण फरवरी माह में भी शासन स्तर से 1 लाख 44 हजार राशनकार्डधारी सदस्यों का खाद्यान्न आबंटन रोक दिया गया है। जनवरी महीने में यह संख्या करीब पौने दो लाख थी। तीस हजार लोगों ने जागरूकता दिखाते हुए ई-केवायसी अपडेट कराया था, जिससे उनका आबंटन रिलीज किया गया है।
राशनकार्डधारी सदस्यों का ई– केवायसी अपडेट नहीं होने के कारण फरवरी माह में भी जिले से बड़ी संख्या में कार्डधारी सदस्यों का खाद्यान्न आबंटन रोक दिया गया है। जिले में कार्डधारी सदस्यों की कुल संख्या 18 लाख 30 हजार 312 है, जिनमें 16 लाख 79 हजार 962 सदस्यों के ई-केवायसी अपडेट किए जा चुके हैं। इसके विपरीत 1 लाख 44 हजार 336 सदस्यों द्वारा अब तक केवायसी अपडेट नहीं कराया गया है। केवायसी नहीं कराने वालों में 1 लाख 2 हजार 77 सदस्य बीपीएल राशनकार्डधारी हैं, जबकि42 हजार 259 एपीएल कार्डधारी शामिल हैं। ई-केवायसी को लेकर शासन सख्त रवैया अपना रहा है, क्योंकि इसके लिए एक साल पहले से ही निर्देश दिए जा चुके थे। जिले में ज्यायादातर लोगों के ई-केवायसी अपडेट हो चुके हैं, लेकिन जिनके नहीं हो सके हैं, उनका आबंटन सिर्फ इसलिए रोका जा रहा है, ताकि उन्हें ई-केवायसी के लिए प्रेरित किया जा सके। ई-केवायसी होने की स्थिति में सबका आबंटन जारी कर दिया जाएगा।
ग्राम पंचायत व नगरीय निकायों को भेजा पत्र
खाद्य विभाग द्वारा अपने स्तर पर तो ई-केवायसी कराए ही जा रहे हैं, लेकिन इसे अभियान के तौर पर चलाते हुए इस कार्य के लिए ग्राम पंचायतों व नगरीय निकायों को भी पत्र लिखा गया है, इन संस्थाओं द्वारा अपने अधीनस्थ क्षेत्रों में रहने वाले राशन कार्डधारियों को ई-केवायसी के लिए न केवल प्ररित किया जाए, बल्कि केवायसी कराया भी जाए।
