

राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह 2026 के अंतर्गत यातायात पुलिस बिलासपुर द्वारा जनसहयोग और PPP (पब्लिक–प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल के आधार पर शहर में सुगम, सुरक्षित और सुव्यवस्थित आवागमन सुनिश्चित करने की दिशा में व्यापक पहल की गई है। इसके तहत पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शहर के कुछ प्रमुख मार्गों को सेक्टर में विभाजित कर आवश्यक सुधारात्मक और समाधानकारी कार्य किए जाएंगे।

यातायात पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह 2026 का उद्घाटन समारोह 1 जनवरी 2026 को चेतना भवन, पुलिस लाइन बिलासपुर में आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में पुलिस महानिरीक्षक बिलासपुर रेंज, कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी, पुलिस अधीक्षक और नगर निगम आयुक्त सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। इस अवसर पर सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए, जिनके क्रियान्वयन हेतु अब ठोस कार्ययोजना बनाई गई है।

योजना के तहत बिलासपुर नगर को विभिन्न सेक्टरों में विभाजित कर प्राथमिकता के आधार पर कुछ महत्वपूर्ण सेक्टरों का चयन किया गया है। इन सेक्टरों में स्मार्ट सिटी की तर्ज पर यातायात सुधार, अतिक्रमण हटाने, पार्किंग व्यवस्था, सड़क सुरक्षा संकेतक, स्वच्छता और इंजीनियरिंग सुधार कार्य किए जाएंगे, ताकि नागरिकों को सरल, सुगम और सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके।
प्रमुख बिंदु
यातायात पुलिस द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार—
लक्षित सेक्टरों में अतिक्रमण हटाकर मार्गों को अतिक्रमण मुक्त किया जाएगा।
नो पार्किंग क्षेत्रों में सख्ती से कार्रवाई कर केवल निर्धारित पार्किंग स्थलों में ही वाहन खड़े कराए जाएंगे।
मुख्य मार्गों पर दृष्टि बाधित करने वाले बैनर, पोस्टर, होर्डिंग्स और अन्य विज्ञापन सामग्री हटाई जाएगी।
ठेला, गुमटी, फेरी और अस्थायी व्यवसायों से होने वाली यातायात बाधा पर निगम के अतिक्रमण दस्ते के साथ संयुक्त कार्रवाई की जाएगी।
पीली पट्टी, जेब्रा क्रॉसिंग, साइन बोर्ड, गति सीमा संकेतक सहित सड़क सुरक्षा मानकों के अनुरूप आवश्यक संरचनाएं विकसित की जाएंगी।
गड्ढों की मरम्मत, नालियों, डिवाइडर और सड़क कटाव जैसी समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाएगा।
होटल, लॉज, मैरिज हॉल और शिक्षण संस्थानों में आने वाले वाहनों से यातायात बाधित न हो, इसके लिए विशेष व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर मोटर व्हीकल एक्ट के तहत नियमित और प्रभावी कार्रवाई की जाएगी।
जनसहयोग पर विशेष जोर
PPP मॉडल के तहत व्यापारियों, सामाजिक संगठनों, एनजीओ, जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों को “यातायात मित्र” और “ट्रैफिक वार्डन” के रूप में जोड़ा जाएगा। जन चौपाल, बैठकों और संवाद के माध्यम से लोगों को उनकी सामाजिक जिम्मेदारी के प्रति जागरूक किया जाएगा। साथ ही मीडिया और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स के माध्यम से सड़क सुरक्षा संदेशों का व्यापक प्रचार किया जाएगा।
पहले चरण में तीन सेक्टर चयनित
प्रथम चरण में तीन प्रमुख सेक्टरों का चयन किया गया है—
अग्रसेन चौक से पुराना बस स्टैंड
लिंक रोड श्रीकांत वर्मा मार्ग से महिमा तिराहा
महाराणा प्रताप चौक से नेहरू चौक
इन मार्गों पर तय समय-सीमा में सभी निर्धारित कार्य पूर्ण करने के लिए संबंधित विभागों के बीच अंतरविभागीय समन्वय स्थापित कर कार्ययोजना बनाई गई है।
यातायात पुलिस बिलासपुर ने जिले के समस्त नागरिकों से अपील की है कि शहर के व्यस्त मार्गों पर किए जा रहे सुधारात्मक कार्यों में सुझाव देकर और नियमों का पालन कर सहयोग करें, ताकि बिलासपुर को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और स्मार्ट यातायात व्यवस्था वाला शहर बनाया जा सके।
