सुशासन शिविर के बाहर कांग्रेस का प्रदर्शन, कॉलेज और सहकारी बैंक की मांग उठी

यूनुस मेमन

बिलासपुर जिले के में आयोजित जिला स्तरीय सुशासन शिविर के दौरान गुरुवार को कांग्रेस नेताओं और ग्रामीणों ने ढोल-नगाड़े के साथ विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन का नेतृत्व पूर्व जनपद अध्यक्ष ने किया।

झुलसाती गर्मी के बीच बड़ी संख्या में ग्रामीण सरकार विरोधी नारे लगाते हुए शिविर स्थल पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने हाथों में मांगों से संबंधित तख्तियां लेकर कॉलेज, सहकारी बैंक शाखा और अन्य समस्याओं के निराकरण की मांग उठाई।

संदीप शुक्ला ने आरोप लगाया कि सरकार गांवों में बिना मांग शराब दुकानें खोल रही है, जबकि लंबे समय से मांग के बावजूद कॉलेज और सहकारी बैंक नहीं खोले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र के लोगों के साथ दोहरे मापदंड अपनाए जा रहे हैं। शुक्ला ने कहा कि मुख्यमंत्री की घोषणाओं पर भी एक साल बाद तक अमल नहीं हो रहा है, ऐसे में आम लोगों की समस्याओं के समाधान पर सवाल खड़े होते हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि एक ओर प्रधानमंत्री ईंधन बचत और वर्क फ्रॉम होम की बात करते हैं, वहीं दूसरी ओर सुशासन शिविरों में बड़ी संख्या में वाहनों के उपयोग से ईंधन की बर्बादी हो रही है। उनका कहना था कि अधिकारी यदि अपने कार्यालयों में ईमानदारी से काम करें तो ऐसे शिविरों की आवश्यकता ही नहीं पड़े।

प्रदर्शन की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने शिविर स्थल पर पुलिस बल की अतिरिक्त तैनाती की थी। मौके पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक , एसडीओपी , तहसीलदार सहित पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

प्रदर्शन के दौरान सौंपे गए ज्ञापन में बेलगहना में सहकारी बैंक शाखा खोलने, मुख्यमंत्री द्वारा घोषित कॉलेज शुरू करने, भू-अर्जन मुआवजा, अघोषित बिजली कटौती बंद करने तथा आवास निर्माण के लिए मुफ्त रेत उपलब्ध कराने जैसी मांगों का तत्काल निराकरण करने की मांग की गई। साथ ही मांगें पूरी नहीं होने पर दोबारा आंदोलन की चेतावनी भी दी गई।

प्रदर्शन में ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष सहित कांग्रेस कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!