
बिलासपुर। शहर में पाइपलाइन और अन्य विकास कार्यों के नाम पर सड़कों की लगातार खुदाई हो रही है, लेकिन इन कार्यों का विवरण शासन के सीबीयूडी (कॉल बिफोर यू डिग) मोबाइल एप में दर्ज नहीं किया जा रहा। सड़कें खोदी जा रही हैं, पर उनकी जानकारी सिस्टम में अपलोड नहीं होने से पारदर्शिता और विभागीय समन्वय पर सवाल खड़े हो गए हैं।
मंगला चौक से आजाद चौक, अशोक नगर, लिंगियाडीह, हेमुनानगर और मुर्रा भट्ठा गली सहित कई इलाकों में पाइपलाइन व अन्य कार्यों के लिए सड़कें खोदी गई हैं। कई स्थानों पर काम पूरा होने के बाद भी सड़कें ठीक से दुरुस्त नहीं की गईं, जिससे आवागमन बाधित हो रहा है और ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित हो रही है।
शासन ने जारी किया दूसरा पत्र
शासन ने निर्देश दिए थे कि किसी भी खुदाई कार्य से पहले उसकी पूर्व सूचना और पूरा विवरण ‘कॉल बिफोर यू डिग’ एप पर अपलोड करना अनिवार्य होगा, ताकि एक ही सड़क को बार-बार न खोदा जाए और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय बना रहे। इसके लिए सभी निकायों व क्षेत्रीय कार्यालयों में नोडल अधिकारी नियुक्त किए गए थे तथा इंजीनियरों को ऑनलाइन प्रशिक्षण भी दिया गया था।
इसके बावजूद अधिकांश निकायों द्वारा अब तक खुदाई से संबंधित डेटा एप में अपलोड नहीं किया गया। मामले को गंभीर मानते हुए नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संचालक ने सभी संयुक्त संचालकों को दूसरी बार पत्र जारी कर तत्काल जानकारी दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही चेतावनी दी गई है कि आदेश की अवहेलना करने वाले इंजीनियरों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
व्यवस्था का उद्देश्य
खुदाई कार्यों को एप में दर्ज करने की व्यवस्था का उद्देश्य पारदर्शिता लाना, अव्यवस्था रोकना, अलग-अलग एजेंसियों के कार्यों में समन्वय स्थापित करना, सड़क दुर्घटनाओं और ट्रैफिक समस्याओं को कम करना तथा एकीकृत डेटा के आधार पर निगरानी और मूल्यांकन सुनिश्चित करना है।
संयुक्त संचालक नगरीय प्रशासन राकेश जायसवाल ने बताया कि सभी निकायों को मोबाइल एप में डेटा अपलोड करने का प्रशिक्षण दिया जा चुका है। रिकॉर्ड मेंटेन नहीं करने को लेकर विभाग से पत्र प्राप्त हुआ है और एप में जानकारी अपलोड करना अनिवार्य है।
शहर में लगातार हो रही खुदाई और अपूर्ण मरम्मत कार्यों से नागरिकों में नाराजगी बढ़ रही है। अब देखना होगा कि निर्देशों के बाद निकाय कितनी गंभीरता से अनुपालन करते हैं।
