
शशि मिश्रा

अंबिकापुर।
छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर शहर में देवीगंज रोड स्थित होटल देव के पास शुक्रवार शाम हुई फायरिंग की घटना की पुलिस ने आधिकारिक पुष्टि कर दी है। व्यस्त इलाके में हुई इस घटना के बाद कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए होटल संचालक के तीन बॉडीगार्ड को हिरासत में लिया है, जबकि होटल संचालक हनी सिंह फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं।
जानकारी के अनुसार शुक्रवार शाम दो राउंड फायरिंग की सूचना मिलते ही अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमोलक सिंह ढिल्लो, सीएसपी राहुल बंसल एवं कोतवाली थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल को घेराबंदी कर सुरक्षित किया और होटल देव पहुंचकर जांच शुरू की।
लाइसेंसी हथियार मिले, सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे
पुलिस जांच में पुष्टि हुई है कि होटल के पास गोली चलाई गई थी। जांच के दौरान होटल संचालक के घर की तलाशी ली गई, जहां से पांच लाइसेंसी हथियार बरामद हुए। दस्तावेजों की जांच के बाद हथियारों को वैध पाए जाने पर मौके पर ही छोड़ दिया गया। इसके अलावा होटल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं।
शनिवार सुबह पुलिस टीम ने दोबारा होटल पहुंचकर जांच आगे बढ़ाई, लेकिन होटल संचालक हनी सिंह अपने निवास पर नहीं मिले। इस दौरान उनके घर से एक एयरगन जब्त की गई। होटल में ड्यूटी कर रहे तीन गार्डों को पूछताछ के लिए गांधीनगर थाना लाया गया है।
पुराने विवाद से जुड़ा मामला
पुलिस जांच में सामने आया है कि होटल संचालक हनी सिंह और नवापारा निवासी चुन्नू सिंह के बीच पूर्व से विवाद चल रहा था। कुछ दिन पहले दोनों के बीच कहासुनी हुई थी, जिसके बाद पुलिस द्वारा प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की गई थी। हालांकि उस समय दोनों पक्षों ने थाने में कोई लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई थी।
बताया जा रहा है कि शुक्रवार शाम दोनों पक्षों के बीच फिर विवाद हुआ, जिसके बाद चुन्नू सिंह और उसके साथियों ने हनी सिंह का पीछा किया। जान बचाने के लिए हनी सिंह भागते हुए होटल देव पहुंचा, इसी दौरान फायरिंग की घटना हुई। घटना के बाद से चुन्नू सिंह भी फरार बताया जा रहा है।
राजनीतिक दबाव की चर्चा, पुलिस जांच जारी
इस पूरे मामले में राजनीतिक दबाव की चर्चाएं भी सामने आ रही हैं। सूत्रों के अनुसार इसी वजह से पुलिस अधिकारी फिलहाल जांच और कार्रवाई को लेकर विस्तृत जानकारी देने से बच रहे हैं। हालांकि एएसपी अमोलक सिंह ढिल्लो ने बताया कि मामले में वैधानिक प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जा रही है।
फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं से जांच कर रही है। सीसीटीवी फुटेज, गवाहों के बयान और हिरासत में लिए गए बॉडीगार्ड से पूछताछ के आधार पर जल्द ही फायरिंग की घटना की पूरी तस्वीर स्पष्ट होने की उम्मीद है।
