
शशि मिश्रा

जांजगीर-चांपा। दहेज के लिए प्रताड़ित करने, मारपीट करने और आत्महत्या के लिए प्रेरित करने के मामले में पुलिस ने नवविवाहिता के पति और जेठानी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। मामले की जांच में दोनों आरोपियों की भूमिका सामने आने के बाद यह कार्रवाई की गई।
पुलिस के अनुसार, वर्ष 2025 में भारती कश्यप की शादी जांजगीर के ग्राम जरवे निवासी कृष्णा कश्यप से हुई थी। शादी के कुछ समय बाद ही पति कृष्णा कश्यप दहेज को लेकर पत्नी को ताने देने लगा। आरोप है कि वह दहेज में कम सामान लाने की बात कहकर अक्सर विवाद करता था और मारपीट भी करता था। पीड़िता ने इसकी शिकायत अपनी जेठानी कविता कश्यप से की, लेकिन उसने भी उसका साथ देने के बजाय दहेज को लेकर प्रताड़ित करना शुरू कर दिया।
प्रताड़ना से परेशान भारती कश्यप ने कई बार अपनी मां और परिजनों को इसकी जानकारी दी थी। परिजनों ने ससुराल पहुंचकर समझाइश भी दी, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं हुआ। आरोप है कि लगातार मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न से परेशान होकर 6 जुलाई 2025 की सुबह भारती ने अपनी मां को फोन कर प्रताड़ना की जानकारी दी और इसके बाद कीटनाशक पदार्थ का सेवन कर लिया। गंभीर हालत में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
मामले में थाना सिटी कोतवाली द्वारा मर्ग जांच के दौरान मृतिका की मां, भाई और अन्य रिश्तेदारों के बयान दर्ज किए गए। जांच में दहेज के लिए प्रताड़ना और मारपीट के आरोप प्रमाणित पाए जाने पर पति कृष्णा कश्यप (23) और जेठानी कविता कश्यप (35) के खिलाफ अपराध दर्ज किया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कश्यप और सीएसपी योगिता बाली खापर्डे के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई। टीम ने ग्राम जरवे में दबिश देकर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपियों ने दहेज को लेकर विवाद और प्रताड़ना की बात स्वीकार की, जिसके बाद उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
कार्रवाई में सीएसपी योगिता बाली खापर्डे, थाना प्रभारी निरीक्षक जयप्रकाश गुप्ता, एएसआई अरुण कुमार सिंह, आरक्षक शंकर राजपूत, दिलीप सिंह और महिला आरक्षक रेखा यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
