

बिलासपुर। सकरी थाना क्षेत्र में कोयला चोरी और मिलावट के एक मामले में पुलिस ने अपराध दर्ज होने के कुछ ही घंटों के भीतर छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों पर कोयले की हेराफेरी कर उसकी गुणवत्ता में मिलावट करने और कंपनी को आर्थिक नुकसान पहुंचाने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार, न्यू लोको कॉलोनी मरहीमाता मंदिर निवासी आर.के. पाण्डेय ने 10 जून को सकरी थाने में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि दीपका कोल माइंस से एफ/जी ग्रेड का कोयला भाटिया एनर्जी एंड कोल बेनिफिकेशन प्रा.लि. लोखंडी के लिए मंगवाया गया था। 10 जून की सुबह तीन ट्रेलरों से कोयला प्लांट पहुंचा, लेकिन प्रयोगशाला जांच में कोयला निर्धारित गुणवत्ता का नहीं पाया गया।
प्राथमिक पूछताछ में ट्रेलर चालकों ने बताया कि एफ ग्रेड कोयले की चोरी कर उसमें अन्य निम्न गुणवत्ता के कोयले की मिलावट की गई थी। इस कथित साजिश में बालाजी कोल ट्रेडिंग एंड कंस्ट्रक्शन के संचालक और प्लांट सुपरवाइजर की मिलीभगत सामने आई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) पंकज कुमार पटेल तथा नगर पुलिस अधीक्षक (सिविल लाइन) निमितेश सिंह परिहार के मार्गदर्शन में सकरी पुलिस ने विशेष टीम गठित की। एसीसीयू और माइनिंग विभाग के सहयोग से पुलिस ने घेराबंदी कर छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों में झारखंड के गढ़वा जिले के आशिक हुसैन अंसारी, फैजान रजा अंसारी और फुजैल अंसारी के अलावा बिलासपुर निवासी गौरव राजपूत, सीबु खान तथा दुर्ग निवासी दिलीप कुमार यादव शामिल हैं।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 552/2026 के तहत धारा 116(3), 117(4) और 3(5) बीएनएस के अंतर्गत कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायिक प्रक्रिया के लिए प्रस्तुत किया है। मामले की जांच जारी है।
संपूर्ण कार्रवाई में सकरी थाना पुलिस, एसीसीयू तथा माइनिंग विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
