डर में गैस बुक कराई, पर ली नहीं: छत्तीसगढ़ में एक महीने में 1 लाख से ज्यादा बुकिंग रद्द

बिलासपुर। घरेलू रसोई गैस की कमी की आशंका और अफवाहों के चलते छत्तीसगढ़ में बड़ी संख्या में लोगों ने एडवांस गैस बुकिंग कराई, लेकिन बाद में सिलेंडर की डिलीवरी नहीं ली। इसका परिणाम यह रहा कि पिछले एक महीने में प्रदेशभर में 1 लाख से अधिक गैस बुकिंग स्वतः रद्द हो गईं। अकेले बिलासपुर जिले में 11,110 बुकिंग कैंसिल हुई हैं।

प्रदेश में इंडेन, एचपी और भारत गैस के मिलाकर करीब 66.62 लाख घरेलू गैस कनेक्शन हैं, जिनमें लगभग 38 लाख कनेक्शन प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत हैं। सामान्य दिनों में जहां प्रतिदिन करीब 35 हजार सिलेंडर बुक होते थे, वहीं अफवाहों के दौर में यह संख्या लगभग दोगुनी हो गई।

तेल कंपनियों के अधिकारियों के अनुसार, कई उपभोक्ताओं ने संभावित किल्लत की आशंका में जरूरत से पहले सिलेंडर बुक करा लिया। हालांकि जब डिलीवरी का समय आया तो उन्होंने सिलेंडर लेने से मना कर दिया या डिलीवरी टाल दी। इसी वजह से बड़ी संख्या में बुकिंग निरस्त करनी पड़ी।

मार्च से बढ़ी थी पैनिक बुकिंग

मध्य-पूर्व में युद्ध के तनाव के बाद मार्च से गैस की संभावित कमी को लेकर लोगों में चिंता बढ़ने लगी थी। 7 मार्च से तेल कंपनियों ने शहरी क्षेत्रों में 25 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन के अंतराल पर दोबारा बुकिंग का नियम लागू किया था। साथ ही बुकिंग के बाद पांच दिन तक डिलीवरी समय लगने की जानकारी दी गई थी।

इसके बाद कई उपभोक्ताओं ने एहतियात के तौर पर पहले ही गैस बुक करानी शुरू कर दी। गैस एजेंसियों के बाहर कतारें लगने लगीं और कई स्थानों पर गैस की कमी की चर्चाएं फैल गईं। मार्च और अप्रैल में स्थिति अधिक गंभीर रही, जबकि मई में हालात सामान्य होने लगे।

10 दिन में सिलेंडर नहीं लिया तो बुकिंग स्वतः रद्द

तेल कंपनियों के सॉफ्टवेयर सिस्टम के अनुसार, यदि कोई उपभोक्ता बुकिंग के बाद 10 दिनों के भीतर सिलेंडर की डिलीवरी नहीं लेता या एजेंसी से उठाव नहीं करता, तो बुकिंग स्वतः निरस्त हो जाती है। अधिकारियों के मुताबिक, पिछले एक महीने में रद्द हुई 1 लाख से अधिक बुकिंग इसी श्रेणी की थीं।

कई मामलों में गैस हॉकर सिलेंडर लेकर उपभोक्ताओं के घर पहुंचे, लेकिन लोगों ने बाद में आने को कहा या सिलेंडर लेने से इनकार कर दिया, जिसके कारण बुकिंग रद्द करनी पड़ी।

सप्लाई सामान्य, पैनिक बुकिंग की जरूरत नहीं

तेल कंपनियों के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश में घरेलू गैस की सप्लाई पूरी तरह सामान्य है। उपभोक्ताओं को अनावश्यक या पैनिक बुकिंग से बचना चाहिए। अधिकारियों का कहना है कि वास्तविक जरूरत वाले उपभोक्ताओं को बुकिंग के चार से पांच दिनों के भीतर सिलेंडर उपलब्ध कराया जा रहा है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि बुकिंग के बाद सिलेंडर नहीं लेने पर सिस्टम स्वतः बुकिंग निरस्त कर देगा।

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