बिलासपुर। विश्व हृदय दिवस की रैली को हरी झंडी दिखाने के बाद स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल मंगलवार सुबह अचानक सिम्स पहुंच गए। उन्होंने करीब 20 मिनट तक कैजुअल्टी, मेल, गायनी और सर्जिकल वार्ड का निरीक्षण किया। इस दौरान मरीजों से इलाज, डॉक्टरों की उपलब्धता और भोजन को लेकर सीधे फीडबैक लिया। एक महिला मरीज ने शाम के समय डॉक्टरों के राउंड पर नहीं आने की शिकायत भी की।


मंत्री सुबह करीब 7.50 बजे सिम्स की कैजुअल्टी पहुंचे। उन्होंने वहां मौजूद स्टाफ की जानकारी लेने के साथ मरीजों की एंट्री वाला रजिस्टर भी देखा। इसके बाद मेल और गायनी वार्ड में पहुंचे और मरीजों से अस्पताल में मिल रही सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। इसी दौरान एक महिला ने बताया कि शाम के समय कई बार डॉक्टर राउंड पर नहीं आते।


इसके बाद मंत्री सर्जिकल वार्ड पहुंचे, जहां फर्श उखड़ा हुआ मिला। इसे देखकर उन्होंने नाराजगी जताई। स्ट्रेचर की आवाजाही में हो रही परेशानी को देखते हुए स्लोप बनाने और फर्श की तत्काल मरम्मत कराने के निर्देश दिए। इस दौरान डीन डॉ. रमेश मूर्ति और एमएस डॉ. लखन सिंह भी मौके पर पहुंचे। मंत्री ने डीन से कहा कि मरम्मत के लिए सरकारी फंड का इंतजार करने के बजाय स्वशासी समिति के माध्यम से काम कराया जाए।


निरीक्षण के दौरान मंत्री ने सिम्स की प्रस्तावित नई बिल्डिंग को लेकर भी अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एक महीने के भीतर मुख्यमंत्री के हाथों नई बिल्डिंग का भूमिपूजन कराया जाना है। इसके लिए जरूरी तैयारियां शुरू करने को कहा गया।


हालांकि, करीब 20 मिनट के इस औचक निरीक्षण में डॉक्टरों की समय पर उपस्थिति को लेकर अटेंडेंस रजिस्टर की जांच नहीं की गई। अस्पताल के टॉयलेट और सफाई व्यवस्था का भी निरीक्षण नहीं हुआ। रैली के दौरान मंत्री देवकीनंदन चौक तक पैदल गए थे, इसके बाद वे सिम्स पहुंचे।