ओखा-पोरबंदर एक्सप्रेस से बिलासपुर पहुंचा था आरोपी, बलांगीर में 15 दिन रुककर जुटाई गांजे की खेप; 7.50 लाख का 15 किलो गांजा जब्त
बिलासपुर। एक कटी अंगुली और फौजी रंग के कवर वाला ट्रॉली बैग गांजा तस्कर तक पहुंचने में जीआरपी के लिए अहम सुराग साबित हुआ। इन दो पहचान के आधार पर रेलवे पुलिस ने बुधवार को बिलासपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 7-8 पर जबलपुर निवासी संजय मेहरा उर्फ साहिल (37) को पकड़ लिया। उसके ट्रॉली बैग से एक-एक किलो के 15 पैकेट में रखा 15 किलो गांजा बरामद किया गया। जब्त गांजे की कीमत करीब 7.50 लाख रुपये आंकी गई है। आरोपी ओडिशा के बलांगीर से गांजे की खेप लेकर आया था और बिलासपुर से ट्रेन बदलकर नर्मदा एक्सप्रेस से जबलपुर जाने की तैयारी में था।
वेंडर की सूचना पर अलर्ट हुई जीआरपी
जीआरपी को स्टेशन के एक वेंडर ने सूचना दी थी कि ओखा-पोरबंदर एक्सप्रेस के सामान्य डिब्बे में एक व्यक्ति गांजा लेकर सफर कर रहा है। उसके पास फौजी रंग के कवर वाला ट्रॉली बैग है और अंगूठे के पास की एक अंगुली कटी हुई है। सूचना मिलते ही जीआरपी सक्रिय हो गई और ट्रेन के बिलासपुर पहुंचने का इंतजार करने लगी।
ओखा से रात करीब 3 बजे रवाना हुई ट्रेन सुबह 10:45 बजे बिलासपुर स्टेशन पहुंची। इसके बाद पुलिस ने ट्रेन के डिब्बों में तलाश शुरू की और स्टेशन परिसर में निगरानी बढ़ा दी। शुरुआती तलाश में संदिग्ध नहीं मिला, लेकिन प्लेटफॉर्म नंबर 7-8 की ओर जांच के दौरान पुलिस की नजर बताए गए हुलिए वाले व्यक्ति पर पड़ गई। पहचान की पुष्टि होने के बाद उसे पकड़कर बैग की तलाशी ली गई।
15 पैकेट में मिला गांजा, दूसरी खेप लेकर जा रहा था जबलपुर
तलाशी के दौरान ट्रॉली बैग से खाकी टेप में लिपटे गांजे के 15 पैकेट मिले। प्रत्येक पैकेट में करीब एक किलो गांजा था। पूछताछ में पता चला कि आरोपी सुबह 11:35 बजे नर्मदा एक्सप्रेस से जबलपुर जाने वाला था। वह पेशे से ड्राइवर है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने ओडिशा के बलांगीर में गांजे की खेप जुटाने के लिए करीब 15 दिन तक एक होटल में ठहरने की जानकारी दी। पूछताछ में यह भी सामने आया कि वह इससे पहले भी गांजे की खेप ला चुका था। पुलिस मामले में गांजे की खरीद और परिवहन से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।
एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई, न्यायिक रिमांड पर जेल
जीआरपी ने गांजा जब्त कर आरोपी के खिलाफ स्वापक औषधि और मनःप्रभावी पदार्थ अधिनियम (एनडीपीएस एक्ट) की धारा 20(बी) के तहत मामला दर्ज किया। कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
जीआरपी थाना प्रभारी विष्णु कुमार यादव के अनुसार, सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई में आरोपी के कब्जे से 15 किलो गांजा बरामद हुआ है।
चार महीने में 113 किलो से ज्यादा गांजा जब्त
रेलवे क्षेत्र में गांजा तस्करी के खिलाफ जीआरपी की कार्रवाई के दौरान जुलाई से अक्टूबर के बीच कुल 113.15 किलो गांजा जब्त किए जाने की जानकारी दी गई है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, जुलाई में 12.95 किलो, अगस्त में 24 किलो और सितंबर में 21.05 किलो गांजा बरामद किया गया। अक्टूबर में इससे पहले की कार्रवाई में भी बड़ी मात्रा में गांजा जब्त किया गया था।
रेलवे स्टेशन पर तस्करी के संदिग्ध मामलों में मुखबिरों से मिलने वाली सूचनाएं और संदिग्धों के हुलिए की सटीक जानकारी पुलिस के लिए महत्वपूर्ण साबित हो रही है।