बाघ के पगमार्क भी मिले, निगरानी के लिए लगाए गए आठ ट्रैप कैमरे; ग्रामीणों के गुप्त रास्तों पर भी वन अमले की चौकसी
बिलासपुर/लोरमी। अचानकमार टाइगर रिजर्व (एटीआर) के लोरमी बफर क्षेत्र में युवक पर हमला करने वाली बाघिन अब अपने चार शावकों के साथ ट्रैप कैमरे में कैद हुई है। बाघिन और शावकों की तस्वीर सामने आने के बाद वन विभाग ने क्षेत्र में निगरानी और गश्त और बढ़ा दी है। पैदल गश्त के दौरान वन कर्मचारियों को बाघ के पगमार्क भी मिले हैं। वहीं बांधा क्षेत्र के आसपास बाघ और बाघिन का जोड़ा देखे जाने की जानकारी भी सामने आई है।
वन विभाग के अनुसार बारिश के मौसम में बाघ सामान्य तौर पर अपना रहवास क्षेत्र जल्दी नहीं बदलते। हालांकि, शावकों की मौजूदगी में मादा बाघिन उनकी सुरक्षा को देखते हुए आवश्यकता पड़ने पर स्थान बदल सकती है। इसी को ध्यान में रखते हुए वन अमला विशेष सतर्कता बरत रहा है। बाघों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए क्षेत्र में आठ ट्रैप कैमरे लगाए गए हैं। वन कर्मचारी लगातार पैदल गश्त कर रहे हैं और कैमरों से मिलने वाली तस्वीरों के आधार पर बाघों की गतिविधियों की निगरानी की जा रही है।
ग्रामीणों के गुप्त रास्तों पर भी चौकसी
एटीआर के जंगल में ग्रामीणों द्वारा बनाए गए अनधिकृत अथवा गुप्त रास्तों पर भी वन विभाग ने निगरानी बढ़ा दी है। जंगल के आसपास अनावश्यक रूप से घूमने वाले लोगों पर वन अमले की नजर है। संवेदनशील इलाकों में निगरानी के लिए कुछ कर्मचारियों को सादे कपड़ों में भी तैनात किया गया है।
वन विभाग की ओर से आसपास के गांवों में लगातार मुनादी कराकर ग्रामीणों को जंगल की ओर नहीं जाने और बाघों की गतिविधियों को देखते हुए सतर्क रहने की समझाइश दी जा रही है। ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे किसी भी स्थिति में अकेले जंगल की ओर न जाएं और वन्यजीव दिखाई देने पर उसके नजदीक जाने या उसे परेशान करने का प्रयास न करें।
चारों तरफ बढ़ाई गई चौकसी
एटीआर की फील्ड डायरेक्टर प्रियंका पांडे ने बताया कि ट्रैप कैमरे में बाघिन और उसके चार शावकों की चहलकदमी कैद हुई है। क्षेत्र में बाघों की गतिविधियों को देखते हुए चारों तरफ चौकसी बढ़ा दी गई है। वन अमला लगातार गश्त कर रहा है और ग्रामीणों को भी सतर्क रहने की हिदायत दी जा रही है।
मृत युवक के परिजनों से मिले तोखन साहू और धर्मजीत सिंह
इधर, बाघिन के हमले में जान गंवाने वाले युवक के परिजनों से केंद्रीय राज्य मंत्री एवं बिलासपुर सांसद तोखन साहू और विधायक धर्मजीत सिंह ने मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया।
लोरमी क्षेत्र के ग्राम बांधा निवासी 25 वर्षीय धरमजीत उर्फ धरम दास धृतलहरे की 24 अगस्त को अचानकमार टाइगर रिजर्व के प्रतिबंधित वन क्षेत्र में बाघिन के हमले में मौत हो गई थी। घटना के पांचवें दिन तोखन साहू और विधायक धर्मजीत सिंह ग्राम बांधा पहुंचे और शोकाकुल परिवार से मुलाकात की। दोनों जनप्रतिनिधियों ने परिवार को हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया।
छह लाख रुपये की आर्थिक सहायता
जनप्रतिनिधियों की पहल के बाद मृतक के परिवार को टाइगर कंजरवेशन फाउंडेशन की ओर से 25 हजार रुपये की अग्रिम सहायता प्रदान की गई है। आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद परिवार को 5.75 लाख रुपये की शेष सहायता दी जाएगी। इस तरह परिवार को कुल 6 लाख रुपये की आर्थिक सहायता मिलेगी।
तोखन साहू और धर्मजीत सिंह ने परिजनों को सांत्वना देते हुए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। दोनों ने व्यक्तिगत रूप से भी परिवार को आर्थिक सहयोग प्रदान किया। इस दौरान क्षेत्र में वन्यजीवों की गतिविधियों को लेकर ग्रामीणों की सुरक्षा और सतर्कता को लेकर भी चर्चा हुई।
बाघिन के चार शावकों के साथ कैमरे में कैद होने के बाद एटीआर के संवेदनशील क्षेत्रों में वन विभाग की निगरानी और बढ़ गई है। वन अमला एक ओर बाघिन और शावकों की गतिविधियों पर नजर रख रहा है, वहीं दूसरी ओर ग्रामीणों को जंगल से दूर रखने के लिए लगातार जागरूकता अभियान और गश्त की जा रही है।