
एकतरफा प्रेम में युवक ने दोस्त से करवाया हमला, दोनों गिरफ्तार; चेहरे और दाहिनी आंख के आसपास गंभीर झुलसन
बालोद। सिंचाई कॉलोनी आमापारा में सोमवार को पुलिस विभाग में पदस्थ हेड कांस्टेबल की 22 वर्षीय बेटी पर एसिड अटैक का मामला सामने आया है। युवती लाइब्रेरी से पढ़ाई कर घर लौट रही थी। आत्मानंद स्कूल के सामने एक युवक ने उसका रास्ता रोका और उस पर एसिड फेंक दिया। तेज जलन होने पर युवती चीखने लगी। आसपास मौजूद लोगों ने उसे तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया। हालत गंभीर होने पर प्राथमिक उपचार के बाद उसे रायपुर रेफर किया गया।
पुलिस के अनुसार, एसिड से युवती के शरीर के दाहिने हिस्से, चेहरे और आंख के आसपास गंभीर झुलसन हुई है। उसके कपड़े भी जल गए। फिलहाल उसका इलाज रायपुर के डीकेएस अस्पताल के बर्न एंड प्लास्टिक सर्जरी विभाग में चल रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक दाहिनी आंख अधिक प्रभावित हुई है। एसिड को तत्काल न्यूट्रल किया गया है, लेकिन अगले 24 से 48 घंटे में स्थिति और स्पष्ट होगी।
लाइब्रेरी से निकलते ही अचानक हमला
पीड़िता एमए समाजशास्त्र की पढ़ाई कर चुकी है और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही थी। पुलिस जब उसका बयान लेने अस्पताल पहुंची तो वह दर्द के कारण ठीक से बात नहीं कर पा रही थी। उसने बताया कि लाइब्रेरी से लौटते समय अचानक उस पर हमला हुआ और उसे हमलावर को देखने तक का मौका नहीं मिला।
पीड़िता के पिता बालोद पुलिस में हेड कांस्टेबल हैं और मां गृहिणी हैं। उसका छोटा भाई कॉलेज में पढ़ाई कर रहा है। परिजनों के अनुसार युवती पढ़ाई में अच्छी थी और अफसर बनने की तैयारी कर रही थी।
एकतरफा प्रेम में दोस्त से करवाया हमला
पुलिस जांच में सामने आया है कि एक युवक युवती से एकतरफा प्रेम करता था। उसकी करण कुंजाम नाम के युवक से दोस्ती थी। पुलिस के अनुसार, उसने दोस्ती का हवाला देकर करण से युवती पर एसिड फेंकने में मदद मांगी। इसके बाद करण ने युवती पर एसिड फेंक दिया।
घटना के बाद करण अपनी महिला मित्र के साथ बालोद से निकल गया था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को महिंद्रा बस से पकड़ लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। घटनास्थल की जांच के लिए फॉरेंसिक स्पेशल टीम भी पहुंची थी। पुलिस घटना के कारणों और वारदात में इस्तेमाल एसिड के स्रोत की भी जांच कर रही है।
डॉक्टर बोले- एसिड बेहद घातक, आंख पर ज्यादा असर
डीकेएस अस्पताल के बर्न एंड प्लास्टिक सर्जरी विभाग के एचओडी डॉ. दक्षेश शाह ने बताया कि युवती पर जिस एसिड से हमला किया गया, वह बेहद खतरनाक था। अस्पताल पहुंचते ही एसिड को न्यूट्रल किया गया। दाहिनी आंख ज्यादा प्रभावित हुई है और चेहरे की त्वचा का भी उपचार किया जा रहा है। एसिड त्वचा को अंदर तक प्रभावित कर सकता है, इसलिए अगले 24 से 48 घंटे उपचार की दृष्टि से महत्वपूर्ण हैं। आंख और त्वचा का इलाज अलग-अलग स्तर पर किया जाएगा।
बिना लाइसेंस एसिड बेचना प्रतिबंधित
छत्तीसगढ़ में एसिड की बिक्री को लेकर नियम लागू हैं। बिना लाइसेंस और पहचान पत्र के आम दुकानों में तेजाब बेचना प्रतिबंधित है। नियमों का उल्लंघन करने पर जुर्माने के साथ दुकान सील करने और जेल की कार्रवाई का प्रावधान है। वहीं बैटरी, ऑटोमोबाइल, इन्वर्टर या सोलर कारोबार में सल्फ्यूरिक एसिड रखने वाले कारोबारियों को जिला प्रशासन से एसिड लाइसेंस लेना होता है। दुकानदारों को हर महीने एसिड के स्टॉक की जानकारी एसडीएम कार्यालय को देना भी जरूरी है।