अनजान नंबर से आया था फोन, बीमा पॉलिसी के नाम पर क्रेडिट कार्ड से कराया भुगतान; तारबाहर पुलिस ने दर्ज किया केस

बिलासपुर। बिना ब्याज के 12 लाख रुपए का पर्सनल लोन दिलाने का झांसा देकर साइबर ठगों ने एक महिला शिक्षिका से 1.20 लाख रुपए ठग लिए। आरोपियों ने खुद को फाइनेंस कंपनी का प्रतिनिधि बताकर पहले बीमा पॉलिसी लेने की शर्त रखी और फिर रकम जमा कराने के बाद लोन देने का भरोसा दिलाया। कई महीने तक टालमटोल करने के बाद आरोपियों ने अपने मोबाइल नंबर बंद कर दिए। ठगी का अहसास होने पर पीड़िता ने तारबाहर थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पुलिस के अनुसार, विनोबा नगर स्थित गायत्री मंदिर चौक के पास रहने वाली दीपशिखा दुबे पेशे से शिक्षिका हैं। 10 मार्च को उनके मोबाइल पर एक अनजान नंबर से फोन आया। कॉल करने वाली युवती ने अपना नाम नेहा राजपूत बताया और खुद को आदित्य बिड़ला फाइनेंस कैपिटल का प्रतिनिधि बताया। उसने दावा किया कि कंपनी बिना ब्याज के 12 लाख रुपए तक का लोन उपलब्ध करा रही है। इसके लिए एक इंश्योरेंस पॉलिसी लेना अनिवार्य बताया गया।

लगातार लैंडलाइन नंबरों से फोन आने के कारण शिक्षिका को आरोपियों की बातों पर भरोसा हो गया। उन्होंने अपने एसबीआई क्रेडिट कार्ड से 1.20 लाख रुपए का भुगतान कर दिया। इसके बदले उन्हें एक निजी बीमा पॉलिसी दी गई और भरोसा दिलाया गया कि 18 मई तक उनके खाते में 12 लाख रुपए जमा हो जाएंगे।

कर्ज लेकर भी इंतजार करती रहीं शिक्षिका

लोन मिलने की उम्मीद में शिक्षिका ने अन्य जगहों से भी कर्ज ले लिया। दूसरी ओर, आरोपी हर महीने नई तारीख देकर उन्हें टालते रहे। लंबे इंतजार के बाद भी जब खाते में रकम नहीं आई, तो उन्होंने संपर्क करने की कोशिश की। 1 अक्टूबर के बाद आरोपियों के सभी मोबाइल नंबर बंद हो गए। इसके बाद पीड़िता को अपने साथ हुई ठगी का अहसास हुआ और उन्होंने पुलिस से शिकायत की।

तारबाहर पुलिस ने शिकायत के आधार पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस संबंधित मोबाइल नंबरों को ट्रेस कर ठगी में शामिल लोगों का पता लगाने में जुटी है।